by-Ravindra Sikarwar
गढ़चिरौली पुलिस और सीआरपीएफ को महाराष्ट्र-छत्तीसगढ़ सीमा पर बड़ी सफलता मिली। एटापल्ली तहसील के मोडास्के जंगल में हुई मुठभेड़ में दो महिला नक्सली ढेर। दोनों पर 14 लाख रुपये का इनाम था।
गढ़चिरौली एनकाउंटर: पुलिस-सीआरपीएफ की बड़ी सफलता
महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ की सीमा पर गढ़चिरौली पुलिस और सीआरपीएफ को बड़ी कामयाबी मिली है। एटापल्ली तहसील के मोडास्के जंगल में सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ हुई, जिसमें दो महिला नक्सली मारी गईं।
मारे गए नक्सलियों की पहचान:
गढ़चिरौली पुलिस ने बताया कि मारी गई नक्सलियों में गट्टा एलओएस कमांडर सुमित्रा उर्फ सुनीता वेलाडी और एसीएम ललिता उर्फ लड्डो उर्फ संध्या कोर्सा शामिल हैं। महाराष्ट्र सरकार ने दोनों पर कुल 14 लाख रुपये का इनाम घोषित किया था।
मौके से बरामद हथियार:
मुठभेड़ के बाद पुलिस ने घटनास्थल से भारी मात्रा में हथियार और नक्सली सामग्री बरामद की। इसमें शामिल हैं:
- एक एके-47 राइफल
- एक पिस्तौल
- 37 जिंदा कारतूस
- वॉकी-टॉकी
- नक्सली साहित्य
दर्ज थे गंभीर अपराध:
दोनों महिला नक्सलियों पर हत्या, आगजनी और कई गंभीर अपराधों के मामले दर्ज थे। पुलिस का मानना है कि इनकी मौत से इलाके में नक्सल गतिविधियों को बड़ा झटका लगेगा।
पुलिस का आंकड़ा और अपील:
गढ़चिरौली पुलिस अधीक्षक अजय कुमार शर्मा ने बताया कि साल 2021 से अब तक 93 हार्डकोर नक्सली मारे जा चुके हैं, 130 गिरफ्तार किए गए हैं और 75 ने आत्मसमर्पण किया है। उन्होंने नक्सलियों से अपील की कि वे हथियार छोड़कर मुख्यधारा में शामिल हों और समाज की मुख्यधारा से जुड़कर शांति से जीवन बिताएं।
यह एनकाउंटर गढ़चिरौली में नक्सल विरोधी अभियान की एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। सुरक्षा बलों का कहना है कि ऐसी कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी, ताकि क्षेत्र को नक्सल प्रभाव से मुक्त किया जा सके।
