रिपोर्टर: रविन्द्र सिंह
Balrampur : छत्तीसगढ़ के बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के रामचन्द्रपुर विकासखंड में प्रशासन ने अवैध अतिक्रमण के खिलाफ एक बड़ी और सख्त कार्रवाई की है। छात्रों के छात्रावास (Hostel) निर्माण के लिए आरक्षित सरकारी भूमि को भू-माफियाओं और अवैध कब्जाधारियों से मुक्त कराने के लिए प्रशासनिक अमला सुबह से ही मौके पर डटा हुआ है। राजस्व और वन विभाग की संयुक्त टीम ने भारी सुरक्षा के बीच जमीन को कब्जामुक्त कराने का अभियान छेड़ दिया है।
Balrampur एसडीएम और प्रशासनिक टीम की मौजूदगी में चला सीमांकन अभियान
इस बड़ी कार्रवाई के दौरान रामानुजगंज के एसडीएम (SDPO), स्थानीय तहसीलदार समेत राजस्व और वन विभाग के आला अधिकारी एवं कर्मचारी मौके पर खुद मुस्तैद रहे। अधिकारियों की सीधी निगरानी में सबसे पहले अतिक्रमित सरकारी भूमि का नए सिरे से सीमांकन (नपाई) किया गया। इसके बाद अवैध रूप से बनाए गए ढांचों को चिन्हित कर उन्हें हटाने की प्रक्रिया शुरू की गई। प्रशासन का साफ कहना है कि सरकारी जमीन को उसी मूल उद्देश्य (छात्रों के हॉस्टल) के लिए सुरक्षित रखना बेहद जरूरी है, जिसके लिए इसे आवंटित किया गया था।
Balrampur कड़े विरोध की आशंका के बीच भारी पुलिस बल तैनात, अब तक 9 आशियाने जमींदोज
अतिक्रमण विरोधी इस अभियान के दौरान किसी भी प्रकार के बवाल, विरोध या अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए इलाके में भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है। कड़े सुरक्षा घेरे के बीच प्रशासनिक बुलडोजर ने कार्रवाई करते हुए अब तक करीब 9 अवैध मकानों और पक्के निर्माणों को ध्वस्त कर दिया है। पुलिस और प्रशासन की मुस्तैदी के कारण कब्जाधारी चाहकर भी इस कार्रवाई का विरोध नहीं कर सके।
Balrampur सरकारी जमीन पर कब्जा बर्दाश्त नहीं, आगे भी जारी रहेगा अभियान
इस हाई-प्रोफाइल कार्रवाई के बाद से पूरे रामचन्द्रपुर क्षेत्र में हड़कंप मचा हुआ है और यह स्थानीय लोगों के बीच चर्चा का मुख्य विषय बन गया है। अधिकारियों ने दोटूक शब्दों में चेतावनी दी है कि सरकारी संपत्तियों और सार्वजनिक हित की जमीनों पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह अभियान अभी थमा नहीं है और आने वाले दिनों में भी ऐसी जमीनों पर बड़े पैमाने पर कार्रवाई जारी रहेगी।

