रिपोर्टर: अभय पमार
Ranchi : झारखंड की राजधानी रांची में JPSC और JSSC परीक्षाओं में कथित धांधली को लेकर पिछले 16 दिनों से जारी छात्र आंदोलन के बीच मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का बड़ा बयान आया है। सीएम सोरेन ने छात्रों से अपील करते हुए कहा कि राज्य के युवा उनके लिए बेहद अहम हैं और वे किसी के भ्रम में न आएं। वहीं दूसरी ओर, सरकार और छात्र प्रतिनिधियों के बीच तीसरे दौर की वार्ता में कई मांगों पर सहमति बनती दिख रही है, हालांकि सरकार सीबीआई (CBI) जांच कराने के पक्ष में नहीं है।
Ranchi सीएम सोरेन बोले: “झारखंड के खिलाफ हो रही साजिश, युवाओं को मिलेगा इंसाफ”
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि राज्य के युवाओं में अपने अधिकारों के लिए आवाज उठाने और विरोध करने की हिम्मत वर्तमान सरकार के कदमों से ही आई है, क्योंकि सरकार ने ही गड़बड़ियों को उजागर किया है। उन्होंने दावा किया कि गड़बड़ी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और छात्रों के साथ पूरी पारदर्शिता के साथ न्याय होगा। इसके साथ ही उन्होंने इस आंदोलन को राजनीतिक रंग न देने की भी बात कही।
Ranchi JPSC PT परीक्षा रद्द करने और CID-ED जांच पर तैयार हुई सरकार!
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, सरकार और प्रदर्शनकारी छात्रों (JPSC-JSSC अभ्यर्थी न्याय मंच) के बीच हुई वार्ता में सरकार 14वीं JPSC सिविल सेवा प्रारंभिक (PT) परीक्षा को रद्द करने पर सहमत हो गई है। इसके अलावा, विवादित बैकलॉग परीक्षाओं की जांच सीआईडी (CID) और प्रवर्तन निदेशालय (ED) से कराने के लिए भी सरकार तैयार है। हालांकि, छात्र संगठन मामला सीबीआई को सौंपने और JSSC में आयु सीमा (Age Group) की छूट पर अड़े हुए हैं, जिस पर अभी सहमति नहीं बन सकी है।
10 अगस्त के विधानसभा मार्च की चेतावनी पर टिकी नजरें
छात्रों ने स्पष्ट कर दिया है कि यदि सरकार उनकी मांगों पर लिखित आश्वासन नहीं देती है, तो वे 10 अगस्त को प्रस्तावित विधानसभा घेराव (विधानसभा मार्च) के अपने फैसले पर कायम रहेंगे। आंदोलनकारी छात्र रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में लगातार डटे हुए हैं, जिसे देखते हुए प्रशासन और सरकार के बीच बैठकों का दौर जारी है।

