Actress Ranya Rao: अवैध सोने की तस्करी मामले में कन्नड़ फिल्मों की अभिनेत्री रान्या राव की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। सीमा शुल्क (कस्टम) विभाग ने दुबई से भारत में सोने की कथित तस्करी और नियमों के गंभीर उल्लंघन के चलते अभिनेत्री पर 89 करोड़ रुपये का भारी-भरकम जुर्माना लगाया है। इस हाई-प्रोफाइल तस्करी रैकेट की जांच के बाद विभाग ने रान्या समेत कुल चार आरोपियों पर सामूहिक रूप से 244 करोड़ रुपये से अधिक का जुर्माना ठोका है। कस्टम्स के संयुक्त निदेशक संदीप द्वारा जारी आदेश के बाद यह सख्त कार्रवाई अमल में लाई गई है।
किस आरोपी पर लगा कितना जुर्माना?
Actress Ranya Rao:कस्टम विभाग की ओर से जारी आदेश के अनुसार, इस तस्करी नेटवर्क से जुड़े मुख्य आरोपियों और उन पर लगाए गए जुर्माने का विवरण इस प्रकार है:
- रान्या राव (अभिनेत्री): 89 करोड़ रुपये
- तरुण कोंडुरु राजू: 49.51 करोड़ रुपये
- साहिल जैन: 53.06 करोड़ रुपये
- भरत कुमार जैन: 53.06 करोड़ रुपये
क्या है पूरा मामला?
Actress Ranya Rao:यह पूरा प्रकरण 3 मार्च 2025 का है, जब डायरेक्टरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस (DRI) के अधिकारियों ने दुबई से बेंगलुरु के केम्पेगौड़ा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहुंची रान्या राव को रोका था। जांच के दौरान उनके पास से लगभग 12.56 करोड़ रुपये मूल्य का 14.213 किलोग्राम विदेशी सोना बरामद हुआ था, जिसे बेहद शातिर तरीके से छिपाकर लाया जा रहा था।
घर पर छापेमारी में मिला था बेहिसाब कैश और ज्वैलरी
इस मामले में जब प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने जांच का दायरा बढ़ाया, तो अभिनेत्री के आवास पर छापेमारी की गई। तलाशी के दौरान अधिकारियों को 2.67 करोड़ रुपये की अघोषित नकदी (Unaccounted Cash) और करीब 2.06 करोड़ रुपये के सोने के आभूषण मिले थे। जांच में यह बात सामने आई कि 7 मार्च 2024 से 18 फरवरी 2025 के बीच इस गिरोह ने दुबई के रास्ते भारत में कुल 113 किलोग्राम सोने की तस्करी को अंजाम दिया था।
मार्च 2025 में हुई थी गिरफ्तारी और हिरासत
Actress Ranya Rao:जांच एजेंसियों की कार्रवाई के बाद मार्च 2025 में रान्या राव को गिरफ्तार कर लिया गया था। हालांकि उन्हें इस मामले में कानूनी जमानत मिल गई थी, लेकिन केंद्र सरकार द्वारा विदेशी मुद्रा संरक्षण और तस्करी गतिविधियों की रोकथाम अधिनियम (COFEPOSA) के तहत निवारक हिरासत (Preventive Detention) लागू किए जाने के कारण वह फिलहाल जेल हिरासत में ही हैं।

