By: Ravindra Singh
Knee : आजकल कम उम्र के लोगों में भी घुटनों से कट-कट या चटकने जैसी आवाज आने की समस्या देखने को मिल रही है। कई बार कुर्सी से उठते समय, बैठते हुए या सीढ़ियां चढ़ने-उतरने के दौरान घुटनों से ऐसी आवाज सुनाई देती है। मेडिकल भाषा में इस स्थिति को ‘क्रेपिटस’ (Crepitus) कहा जाता है।


आमतौर पर घुटनों से आवाज आने पर लोग इसे सामान्य समझकर अनदेखा कर देते हैं। हालांकि, हर बार यह किसी बीमारी का संकेत नहीं होता, लेकिन अगर आवाज के साथ दर्द, सूजन या अकड़न भी महसूस हो रही है तो सावधान होने की जरूरत है। विशेषज्ञों के मुताबिक, मांसपेशियों की कमजोरी से लेकर कार्टिलेज में बदलाव तक इसके पीछे कई कारण हो सकते हैं। आइए जानते हैं कम उम्र में घुटनों से आवाज आने की वजह और इससे बचने के उपाय।
घुटनों से कट-कट की आवाज आने के पीछे क्या हैं कारण?
Knee फोर्टिस नोएडा के ऑर्थोपेडिक्स और जॉइंट रिप्लेसमेंट विभाग के चेयरमैन डॉ. अतुल मिश्रा के अनुसार, घुटनों से आवाज आने के पीछे कई सामान्य और कुछ चिकित्सकीय कारण हो सकते हैं।
1. जोड़ों में गैस के बुलबुले बनना: घुटनों के जोड़ों में साइनोवियल फ्लूइड नाम का तरल पदार्थ मौजूद होता है। यह जोड़ों को चिकनाई देने और हड्डियों के बीच घर्षण कम करने का काम करता है। कभी-कभी इस तरल में गैस के बुलबुले बनते हैं और उनके फूटने पर चटकने जैसी आवाज सुनाई देती है।
2. टेंडन और लिगामेंट्स का खिसकना: घुटनों के आसपास मौजूद टेंडन और लिगामेंट्स की मूवमेंट के दौरान भी आवाज आ सकती है। कई बार इनके हिलने और दोबारा अपनी जगह पर आने से कट-कट जैसी ध्वनि सुनाई देती है।
3. मांसपेशियों का कमजोर होना: जांघों और घुटनों के आसपास की मांसपेशियां कमजोर होने पर घुटनों की गतिविधियों पर असर पड़ सकता है। इससे चलते या उठते-बैठते समय आवाज आने की समस्या हो सकती है।
4. लंबे समय तक बैठे रहना: लगातार कई घंटों तक एक ही जगह बैठे रहने और शारीरिक गतिविधियां कम होने से मांसपेशियों की सक्रियता प्रभावित हो सकती है। इसका असर घुटनों की कार्यक्षमता पर भी पड़ता है।
5. अधिक वजन और गलत एक्सरसाइज: शरीर का वजन ज्यादा होने पर घुटनों पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। वहीं, गलत तरीके से व्यायाम करना या क्षमता से अधिक वजन उठाना भी घुटनों की परेशानी बढ़ा सकता है।
6. कार्टिलेज और पटेला में बदलाव: कुछ लोगों में घुटने की कटोरी यानी पटेला की गति सही नहीं होती। इसके अलावा कार्टिलेज में बदलाव होने पर भी घुटनों से आवाज आने की समस्या हो सकती है।
घुटनों से आवाज आने के साथ ये लक्षण दिखें तो रहें सावधान
Knee सिर्फ घुटनों से कट-कट की आवाज आना जरूरी नहीं कि किसी गंभीर बीमारी का संकेत हो। लेकिन अगर इसके साथ कुछ अन्य परेशानियां भी दिखाई दें तो डॉक्टर से जांच करवाना जरूरी है।
- घुटनों में लगातार दर्द महसूस होना।
- घुटनों के आसपास सूजन दिखाई देना।
- उठते-बैठते समय अकड़न महसूस होना।
- सीढ़ियां चढ़ने या उतरने में परेशानी होना।
- चलते समय घुटनों में असहजता या दर्द होना।
- घुटने को मोड़ने और सीधा करने में दिक्कत होना।
ऐसे लक्षण ऑस्टियोआर्थराइटिस, कार्टिलेज में चोट या घुटनों से जुड़ी दूसरी समस्याओं की ओर इशारा कर सकते हैं। सही कारण जानने के लिए ऑर्थोपेडिक विशेषज्ञ से परामर्श लेना चाहिए।
जवानी में घुटनों को स्वस्थ रखने के लिए अपनाएं ये उपाय
Knee घुटनों की सेहत बनाए रखने के लिए रोजमर्रा की आदतों में कुछ जरूरी बदलाव करना फायदेमंद हो सकता है।
1. नियमित रूप से व्यायाम करें: रोजाना हल्की एक्सरसाइज और पैदल चलने की आदत डालें। इससे जोड़ों की गतिशीलता बनी रहती है।
2. जांघों की मांसपेशियां मजबूत बनाएं: घुटनों को सहारा देने के लिए जांघों और आसपास की मांसपेशियों को मजबूत करना जरूरी है। इसके लिए विशेषज्ञ की सलाह से उपयुक्त व्यायाम करें।
3. वजन नियंत्रित रखें: बढ़ता हुआ वजन घुटनों पर दबाव डाल सकता है। संतुलित खानपान और नियमित शारीरिक गतिविधियों से वजन को नियंत्रण में रखने की कोशिश करें।
4. लंबे समय तक एक जगह न बैठें: अगर आपका काम लंबे समय तक कुर्सी पर बैठकर करने का है, तो बीच-बीच में उठकर थोड़ा टहलें और शरीर को सक्रिय रखें।
5. सही तरीके से एक्सरसाइज करें: बिना जानकारी के कठिन व्यायाम करने या जरूरत से ज्यादा वजन उठाने से बचें। व्यायाम करते समय सही तकनीक अपनाएं।
क्या घुटनों से आवाज आना गठिया का संकेत है?
Knee घुटनों से आवाज आने का मतलब हमेशा गठिया या ऑस्टियोआर्थराइटिस होना नहीं है। कई स्वस्थ लोगों के घुटनों से भी बिना किसी दर्द या परेशानी के चटकने की आवाज आ सकती है। यह जोड़ों में गैस के बुलबुले या टेंडन की सामान्य गतिविधियों के कारण हो सकता है।
हालांकि, अगर आवाज के साथ दर्द, सूजन, अकड़न या चलने-फिरने में परेशानी हो रही है तो इसे सामान्य समझकर टालना ठीक नहीं है। समय पर जांच और सही देखभाल से घुटनों से जुड़ी परेशानियों को बढ़ने से रोकने में मदद मिल सकती है।
Disclaimer: यह लेख सामान्य स्वास्थ्य जानकारी के उद्देश्य से तैयार किया गया है। घुटनों में लगातार दर्द, सूजन या अन्य परेशानी होने पर योग्य ऑर्थोपेडिक डॉक्टर से सलाह लें।

