रिपोर्टर: रंजन कुमार
Sheikhpura : शारदीय नवरात्रि के पावन अवसर पर बिहार के शेखपुरा जिले में सांस्कृतिक उत्सव का माहौल पूरी तरह से चरम पर है। इसी कड़ी में शेखपुरा शहर के व्यस्त तीनमुहानी मोड़ के समीप स्थित प्रतिष्ठित होटल अशोका के परिसर में एक भव्य डांडिया नृत्य उत्सव का आयोजन किया जा रहा है। इस रंगारंग कार्यक्रम में शहर के सभी आयु वर्ग के लोग और इच्छुक महिला-पुरुष बढ़-चढ़कर हिस्सा ले सकते हैं। इस आयोजन को लेकर स्थानीय निवासियों और विशेषकर युवाओं में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है, जो इस पारंपरिक नृत्य उत्सव का आनंद उठाने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
कोलकाता के प्रसिद्ध डीजे कलाकारों की होगी धूम
Sheikhpura इस डांडिया नाइट को और अधिक रोमांचक और ऊर्जावान बनाने के लिए विशेष तैयारियां की गई हैं। कार्यक्रम की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें अपनी कला का प्रदर्शन करने के लिए पश्चिम बंगाल की सांस्कृतिक नगरी कोलकाता से प्रसिद्ध डीजे कलाकारों की एक विशेष टीम बुलाई गई है। ये कलाकार अपनी बेहतरीन धुनों और लोकप्रिय भक्ति गीतों जैसे ‘ढोल बाजे ढोल बाजे’ और ‘तूने मुझे बुलाया मां शेरावाली’ पर सबको झूमने पर मजबूर कर देंगे।
किफायती प्रवेश शुल्क और स्थानीय व्यापारिक सहयोग
Sheikhpura आयोजकों ने सभी वर्ग के लोगों की सुगमता को ध्यान में रखते हुए प्रवेश शुल्क काफी किफायती रखा है। इसके तहत सिंगल एंट्री के लिए 199 रुपये, दो लोगों के प्रवेश के लिए 249 रुपये और पूरे परिवार के साथ शामिल होने के लिए मात्र 499 रुपये का शुल्क निर्धारित किया गया है। इस भव्य सांस्कृतिक आयोजन को सफल बनाने में शहर के कई नामी-गिरामी व्यावसायिक संस्थान जैसे दुर्गा वीडियो, राहुल फर्नीचर और मंदाकिनी कैटरर्स प्रमुख रूप से सहयोग कर रहे हैं।
महिलाओं की सक्रिय भागीदारी और परंपरा का उत्सव
Sheikhpura डांडिया केवल एक नृत्य नहीं बल्कि खुशी और समृद्धि का प्रतीक माना जाता है। इस आयोजन की तैयारियों और सफलता में माहुरी समाज महिला कमेटी की प्रमुख सदस्याओं का विशेष योगदान है। रश्मि भदानी, ममता साह, पूजा चरण पहाड़ी, प्रतिमा वैश्यकियार, अलका कुमारी, सुजाता कुटियार, विनीता सेठ और दीपा वैश्यकियार जैसी महिलाएं इस आयोजन की व्यवस्था में पूरी सक्रियता से जुटी हुई हैं। इससे पहले सभी महिलाओं ने मां मथुरासिनी मंदिर में जाकर नवरात्रि के अवसर पर पूजा-अर्चना की और अपने परिवार की सुख-शांति के लिए प्रार्थना की।
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