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रिपोर्टर: गनेश सिंह

Himachal Pradesh : पहाड़ी राज्य हिमाचल प्रदेश में इस वर्ष मानसून काल गंभीर तबाही लेकर आया है। मूसलाधार बारिश, बादल फटने और भूस्खलन की घटनाओं से राज्य में आम जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो चुका है। लगातार गिरते मलबे और चट्टानों के कारण सड़कें बाधित हैं, जिससे कई इलाके कट गए हैं। राज्य आपातकालीन संचालन केंद्र (SEOC) द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, प्रदेश में बुनियादी ढांचे को भारी क्षति पहुंची है और 149 से अधिक मुख्य सड़कें यातायात के लिए पूरी तरह बंद हो चुकी हैं।

सड़क, बिजली और पेयजल व्यवस्था ठप; मंडी और कुल्लू में सर्वाधिक तबाही

Himachal Pradesh बारिश और लैंडस्लाइड के कारण बिजली और पानी की आपूर्ति पर बुरा असर पड़ा है। राज्य में 60 बिजली ट्रांसफार्मर (DTR) और 35 पेयजल योजनाएं ठप पड़ी हैं। सड़कों के बंद होने के मामले में मंडी जिला सबसे ज्यादा प्रभावित हुआ है, जहां अकेले 86 सड़कें बाधित हैं। इसके अलावा कुल्लू, शिमला, चंबा और कांगड़ा जिलों में भी सड़कें मलबे से पटी पड़ी हैं। रातभर में 51 नई सड़कें बंद होने से राहत एवं बचाव कार्यों में लगे प्रशासनिक दलों को कड़ी मशक्कत का सामना करना पड़ रहा है।

224 लोगों ने गंवाई जान, अरबों रुपए की संपत्ति स्वाहा

Himachal Pradesh इस मानसून सीजन में 30 जून से 23 अगस्त 2026 तक सामने आई रिपोर्ट के अनुसार, राज्य में अब तक 224 लोगों की अकाल मृत्यु हो चुकी है, जबकि 330 से अधिक लोग घायल हुए हैं। मौतों का मुख्य कारण भूस्खलन, अचानक आई बाढ़, नदियों में डूबना और सड़क हादसे रहे हैं। इसके अलावा, राज्य को अब तक 1,121.30 करोड़ रुपये से अधिक का वित्तीय नुकसान हो चुका है। सैकड़ों मकान, गौशालाएं और सरकारी संपत्तियां जमींदोज हो चुकी हैं, जबकि 441 से अधिक पालतू मवेशियों की भी जान चली गई है।

मौसम विभाग का अलर्ट: नदी-नालों से दूर रहने की चेतावनी

Himachal Pradesh मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार, राज्य में फिलहाल बारिश की स्थिति से राहत मिलने के आसार नहीं हैं। शिमला, मंडी, कांगड़ा, चंबा और कुल्लू सहित कई जिलों में हल्की से मध्यम और कुछ स्थानों पर भारी बारिश के साथ आंधी-तूफान की चेतावनी जारी की गई है। कमजोर पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन और नदियों का जलस्तर बढ़ने का खतरा मंडरा रहा है। प्रशासन ने पर्यटकों और स्थानीय नागरिकों से अपील की है कि वे नदी-नालों और संवेदनशील पहाड़ी रास्तों के करीब जाने से बचें।

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