रिपोर्टर: सन्तोष सरावगी
Dabra : मध्य प्रदेश के ग्वालियर जिले के डबरा में फर्जी पासपोर्ट बनाने वाले एक बड़े अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क का भंडाफोड़ हुआ है। एसटीएफ (स्पेशल टास्क फोर्स) की कार्रवाई में खुलासा हुआ है कि डबरा में एक ही पते का इस्तेमाल करके फर्जी दस्तावेजों के आधार पर दर्जनों पासपोर्ट जारी किए गए थे। इस गंभीर मामले के सामने आने के बाद सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मच गया है।
सिमरिया टेकरी स्थित बौद्ध विहार के पते पर बने विदेशी पासपोर्ट
Dabra जांच के दौरान सामने आया है कि डबरा क्षेत्र के सिमरिया टेकरी स्थित बौद्ध विहार के पते का दुरुपयोग कर ये फर्जी पासपोर्ट तैयार कराए गए थे। शुरुआती जांच में 20 पासपोर्ट बनने की बात सामने आई थी, लेकिन जैसे-जैसे पड़ताल आगे बढ़ी, यह आंकड़ा 40 तक पहुंच गया। एसटीएफ इस बात की भी जांच कर रही है कि फर्जीवाड़े का यह नेटवर्क कितना गहरा और व्यापक है।
बांग्लादेशी नागरिकों के लिए बनाए गए फर्जी भारतीय दस्तावेज
Dabra एसटीएफ की जांच में पता चला है कि इस रैकेट के जरिए बांग्लादेशी नागरिकों के लिए भारतीय पहचान के जाली दस्तावेज तैयार किए जा रहे थे। फर्जी दस्तावेजों के सहारे न केवल भारतीय पासपोर्ट बनवाए गए, बल्कि इनका उपयोग अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आवाजाही के लिए भी किया गया। देश की सुरक्षा से जुड़े इस गंभीर मामले में फर्जी दस्तावेजों के निर्माण और सत्यापन की प्रक्रियाओं को खंगाला जा रहा है।
एसटीएफ ने दो मुख्य आरोपियों को उठाया, पूछताछ जारी
Dabra मामले का खुलासा करते हुए एसटीएफ की टीम ने कार्रवाई कर दो मुख्य संदिग्धों को हिरासत में ले लिया है। पकड़े गए आरोपियों से नेटवर्क के अन्य सदस्यों, फर्जी दस्तावेज तैयार करने वाले गिरोह और इस पूरी साजिश में शामिल स्थानीय व विभागीय मददगारों के बारे में कड़ाई से पूछताछ की जा रही है। पुलिस को उम्मीद है कि आने वाले दिनों में इस मामले में कई और बड़े खुलासे हो सकते हैं।

