रिपोर्टर: रविन्द्र सिंह
Morena : पोरसा विकासखंड के ग्राम राजपुरा जागीर स्थित प्राथमिक विद्यालय में शिक्षा व्यवस्था की पोल खोलती तस्वीर सामने आई है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि स्कूल में 4 शिक्षकों की तैनाती होने के बावजूद बच्चों को सही ढंग से शिक्षा नहीं दी जा रही है। हाल ही में हुए निरीक्षण के दौरान चारों शिक्षक तो स्कूल में मौजूद मिले, लेकिन कक्षा में एक भी छात्र उपस्थित नहीं पाया गया। इस स्थिति ने शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर गहरे सवाल खड़े कर दिए हैं।
हाजिरी लगाकर निजी कामों में व्यस्त रहने का आरोप
Morena ग्रामीणों ने स्कूल के प्रधानाध्यापक सुगन लाल समेत अन्य शिक्षकों की कार्यशैली पर गंभीर आरोप लगाए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि शिक्षक सुबह आकर केवल रजिस्टर में अपनी उपस्थिति दर्ज कराते हैं और उसके बाद अपने निजी कामों में व्यस्त हो जाते हैं। शिक्षकों की इस लापरवाही के कारण स्कूल में पढ़ाई का माहौल खत्म हो गया है और अभिभावक अपने बच्चों को प्राइवेट कोचिंग भेजने पर मजबूर हो रहे हैं। हालांकि, इन आरोपों की विभागीय स्तर पर पुष्टि होना अभी बाकी है।
मध्याह्न भोजन और छात्र उपस्थिति पर उठे सवाल
Morena शिक्षकों की अनदेखी के साथ-साथ ग्रामीणों ने स्कूल में मध्याह्न भोजन (मिड-डे मील) वितरण में भी बड़ी अनियमितताओं का आरोप लगाया है। निवासियों के अनुसार, स्कूल में बच्चों के लिए नियमित रूप से भोजन नहीं तैयार किया जाता, जिससे छात्रों की उपस्थिति दिन-ब-दिन घटती जा रही है। ग्रामीणों ने शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारियों से मांग की है कि स्कूल की वास्तविक स्थिति, मध्याह्न भोजन वितरण और बच्चों की वास्तविक दर्ज संख्या की निष्पक्षता से जांच कराई जाए।
बीआरसी ने दिए जांच के आदेश, होगी सख्त कार्रवाई
Morena मामला सामने आने के बाद ब्लॉक रिसोर्स समन्वयक (BRC) मुकेश शर्मा ने संज्ञान लिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस पूरे घटनाक्रम की गहनता से जांच कराई जाएगी। बीआरसी ने भरोसा दिलाया है कि यदि जांच प्रक्रिया में शिक्षकों की अनुपस्थिति, पढ़ाई में लापरवाही या मध्याह्न भोजन में गड़बड़ी की पुष्टि होती है, तो संबंधित दोषियों के खिलाफ नियमानुसार सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
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