प्रभावित गांवों में पहुंचकर पीड़ित परिवारों से मिलीं सांसद, मुआवजा और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग
मुरादाबाद। ठाकुरद्वारा क्षेत्र में तेंदुओं के लगातार हमलों से ग्रामीणों में भय का माहौल बना हुआ है। तेंदुए के हमलों में कई लोगों की जान जाने के बाद प्रभावित परिवारों से मुलाकात करने मुरादाबाद सांसद रुचि वीरा गांवों में पहुंचीं। उन्होंने पीड़ित परिजनों से मुलाकात कर उनके दुख में साथ खड़े होने का भरोसा दिलाया।
पीड़ित परिवारों से मिलकर जाना हाल
सांसद रुचि वीरा ने तेंदुआ प्रभावित गांवों का दौरा किया और उन परिवारों से बातचीत की, जिन्होंने इन हमलों में अपने परिजनों को खोया है। उन्होंने पीड़ित परिवारों की समस्याएं सुनीं और हरसंभव सहायता दिलाने का आश्वासन दिया।
ग्रामीणों ने सांसद के सामने तेंदुओं के लगातार दिखाई देने और हमलों के कारण पैदा हुए डर की स्थिति से अवगत कराया। ग्रामीणों का कहना है कि शाम होते ही लोग घरों से बाहर निकलने में भी डरने लगे हैं।
सरकार से प्रभावी कदम उठाने की मांग
सांसद ने प्रदेश सरकार से मांग की कि तेंदुआ हमलों में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को उचित मुआवजा दिया जाए। इसके साथ ही प्रभावित इलाकों में तेंदुओं को पकड़ने के लिए पिंजरों की संख्या बढ़ाने की मांग भी की गई।
रुचि वीरा ने कहा कि तेंदुओं की निगरानी और तलाश के लिए पर्याप्त संख्या में कैमरे और लेजर लाइट उपलब्ध कराई जाएं। इसके साथ ही वन विभाग की टीमों द्वारा प्रभावित क्षेत्रों में लगातार कॉम्बिंग अभियान चलाया जाए, ताकि ग्रामीणों को जल्द राहत मिल सके।
सदन में भी मुद्दा उठाने की बात
सांसद रुचि वीरा ने कहा कि तेंदुए के आतंक का मुद्दा उन्होंने सदन में भी प्रमुखता से उठाया है। उन्होंने वन मंत्री को भी क्षेत्र की स्थिति से अवगत कराने और ग्रामीणों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग किए जाने की बात कही।
उन्होंने कहा कि लोगों की जान की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए और तेंदुओं के हमलों को रोकने के लिए वन विभाग को प्रभावी एवं स्थायी कदम उठाने की जरूरत है।
चार लोगों की मौत के बाद बढ़ी दहशत
बताया जा रहा है कि ठाकुरद्वारा क्षेत्र के बहापुर बलिया और लालापुर पिपलसाना समेत आसपास के इलाकों में तेंदुए के हमलों से अब तक चार लोगों की मौत हो चुकी है। लगातार हो रही घटनाओं के कारण प्रभावित गांवों के साथ-साथ आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में भी डर का माहौल बना हुआ है।
ग्रामीणों की मांग है कि तेंदुओं को जल्द पकड़ा जाए और गांवों में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई जाए, ताकि लोगों को सामान्य जीवन जीने में राहत मिल सके।
