UP Rajya Sabha Elections 2026:उत्तर प्रदेश में राज्यसभा की 10 सीटों के लिए चुनावी सरगर्मी तेज हो गई है। नामांकन प्रक्रिया की शुरुआत के बावजूद, सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी (BJP) और मुख्य विपक्षी समाजवादी पार्टी (SP) ने अभी तक अपने सभी उम्मीदवारों के आधिकारिक नामों का ऐलान नहीं किया है। निर्वाचन आयोग के तय कार्यक्रम के अनुसार, इन सभी सीटों पर 16 अक्टूबर को मतदान संपन्न होगा।
नामांकन प्रक्रिया और राजनीतिक हलचल
UP Rajya Sabha Elections 2026:मंगलवार को नामांकन प्रक्रिया के पहले दिन किसी भी उम्मीदवार ने पर्चा दाखिल नहीं किया, लेकिन राजनीतिक दलों की तरफ से सक्रियता दिखाई दी। सूत्रों के मुताबिक, इस दौरान भाजपा की ओर से 8 और समाजवादी पार्टी की ओर से 4 नामांकन पत्र प्राप्त किए गए हैं।
सपा विधायक रविदास मेहरोत्रा के अनुसार, पार्टी के वरिष्ठ नेता और वर्तमान राज्यसभा सांसद राम गोपाल यादव बुधवार सुबह करीब 11 बजे पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव की उपस्थिति में अपना नामांकन दाखिल करेंगे। वहीं, समाजवादी पार्टी के दूसरे उम्मीदवार को लेकर स्थिति बुधवार सुबह तक पूरी तरह साफ हो जाएगी।
चुनाव का पूरा शेड्यूल
- नामांकन की आखिरी तारीख: 6 अक्टूबर
- नामांकन पत्रों की जांच: 7 अक्टूबर
- नाम वापसी की अंतिम तिथि: 9 अक्टूबर
- मतदान और मतगणना: 16 अक्टूबर (सुबह 9:00 बजे से शाम 4:00 बजे तक)
किन सांसदों का कार्यकाल हो रहा है समाप्त?
UP Rajya Sabha Elections 2026:उत्तर प्रदेश से केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी, बीएल वर्मा, इसके अलावा भाजपा के अरुण सिंह, गीता शाक्य, नीरज शेखर, बृजलाल और सीमा द्विवेदी का कार्यकाल आगामी 25 नवंबर को पूरा हो रहा है। इसके अलावा, सपा के राम गोपाल यादव और बसपा के रामजी गौतम का कार्यकाल भी इसी दिन समाप्त होगा।
दसवीं सीट भाजपा नेता दिनेश शर्मा के राज्यसभा से इस्तीफा देने के कारण खाली हुई थी, जिन्हें बाद में अंडमान एवं निकोबार द्वीपसमूह का उपराज्यपाल नियुक्त किया गया था।
दसवीं सीट पर कड़े मुकाबले के आसार
UP Rajya Sabha Elections 2026:मौजूदा विधानसभा संख्या बल के आधार पर, भाजपा आसानी से 7 और समाजवादी पार्टी 2 सदस्यों को जिता सकती है। हालांकि, दसवीं सीट को लेकर दोनों प्रमुख दलों के बीच कड़ा मुकाबला होने की पूरी संभावना है।
वर्ष 2024 के पिछले राज्यसभा चुनावों में भाजपा ने अपने 8 उम्मीदवार उतारे थे और सभी ने जीत दर्ज की थी। वहीं, सपा ने 3 प्रत्याशी मैदान में उतारे थे, जिनमें से जया बच्चन और रामजी लाल सुमन विजयी रहे थे, जबकि पूर्व मुख्य सचिव आलोक रंजन को हार का सामना करना पड़ा था।
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