MP High Court:जबलपुर। मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने अपने आदेश के अनुपालन में देरी को गंभीरता से लेते हुए दो वरिष्ठ IAS अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है। कोर्ट ने तत्कालीन प्रमुख सचिव राजस्व विवेक पोरवाल और पूर्व सागर कलेक्टर संदीप जीआर के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया है। दोनों अधिकारियों को 21 सितंबर 2026 को अदालत के समक्ष पेश करने का निर्देश दिया गया है।
वारंट की तामीली की जिम्मेदारी भोपाल पुलिस कमिश्नर और सागर एसपी को दी गई है। मामला कोर्ट के पुराने आदेश का पालन नहीं किए जाने से जुड़ा है।
Sheela Sen Regularisation Case: क्या है पूरा मामला?
MP High Court:यह प्रकरण सागर कलेक्टर कार्यालय में सेक्शन ऑफिसर के पद पर कार्यरत शीला सेन के नियमितीकरण से संबंधित है। शीला सेन ने अपने नियमितीकरण के दावे को लेकर हाई कोर्ट का रुख किया था।
मामले की सुनवाई के दौरान हाई कोर्ट ने 19 मार्च 2025 को राज्य सरकार और सागर कलेक्टर को निर्देश दिया था कि वे 90 दिनों के भीतर शीला सेन के दावे पर निर्णय लें।
हालांकि, निर्धारित समय बीत जाने के बावजूद अदालत के आदेश का अपेक्षित तरीके से पालन नहीं हुआ। इसके बाद शीला सेन की ओर से Contempt Petition दाखिल की गई।
कोर्ट ने अधिकारियों के रवैये पर जताई नाराजगी
MP High Court:अवमानना याचिका की सुनवाई के दौरान अदालत ने पाया कि संबंधित अधिकारियों को नोटिस प्राप्त हो चुके थे। इसके बावजूद मामले में न तो उचित कानूनी प्रतिनिधित्व की व्यवस्था की गई और न ही कोर्ट

