Mandsaur Fake Milk Factory:मध्यप्रदेश के मंदसौर जिले में मिलावटखोरों के खिलाफ पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। सुवासरा थाना क्षेत्र के खेजड़िया बूप गांव में पुलिस और खाद्य विभाग की संयुक्त टीम ने मिलकर एक अवैध फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया है, जहां स्वास्थ्य से खिलवाड़ कर पाम ऑयल और मिल्क पाउडर की मदद से जहरीला दूध और घी तैयार किया जा रहा था।
6 घंटे तक चली लंबी कार्रवाई
Mandsaur Fake Milk Factory:गुप्त सूचना मिलने पर पुलिस अमले ने खाद्य विभाग की टीम को साथ लेकर खेजड़िया बूप गांव में स्थित एक घर के बाड़े में छापा मारा। एक दर्जन से अधिक पुलिसकर्मियों की मौजूदगी में यह पूरी कार्रवाई छह घंटे से ज्यादा समय तक चली। जांच के दौरान मौके का नजारा देखकर अधिकारी भी हैरान रह गए, क्योंकि वहां धड़ल्ले से केमिकल और पाम ऑयल के जरिए नकली डेयरी उत्पाद बनाए जा रहे थे।
भारी मात्रा में सामग्री और उपकरण जब्त
Mandsaur Fake Milk Factory:छापेमारी के दौरान मौके से बड़े पैमाने पर मिलावटी सामान बरामद किया गया, जिसमें मुख्य रूप से शामिल हैं:
- 85 डिब्बे मिल्क पाउडर
- 10 बड़े डिब्बे पाम ऑयल
- 112 खाली डिब्बे (पैकिंग के लिए)
- दूध और घी बनाने में इस्तेमाल होने वाले अन्य उपकरण
इन तमाम सामग्रियों को सुरक्षित जब्त करने के लिए पुलिस को मौके पर ट्रैक्टर-ट्रॉली और पिकअप वाहनों को बुलाना पड़ा, जिन्हें बाद में सुवासरा थाने लाया गया।
फरार आरोपी की तलाश जारी
Mandsaur Fake Milk Factory:इस अवैध फैक्ट्री का संचालन गांव का ही रहने वाला पीरू सिंह (पिता रामसिंह) कर रहा था। हालांकि, पुलिस और प्रशासनिक टीम के आने की भनक लगते ही वह मौके से फरार होने में कामयाब हो गया। खाद्य विभाग की टीम ने सभी संदिग्ध उत्पादों के नमूने (सैंपल) लेकर जांच के लिए भेज दिए हैं और इस अवैध इकाई को पूरी तरह सील कर दिया है।
सुवासरा थाना प्रभारी बीडी बीरा के अनुसार, फरार आरोपी पीरू सिंह के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है और उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम लगातार दबिश दे रही है। प्रशासन की इस कार्रवाई के बाद से क्षेत्र के अन्य मिलावटखोरों में भी हड़कंप मच गया है।

