By: Ishu Kumar
Bokaro : वासियों के लिए हवाई सफर का सपना अब जल्द ही हकीकत में बदलने वाला है। लंबे समय से प्रतीक्षित बोकारो हवाई अड्डे से वाणिज्यिक उड़ान सेवा (Commercial Flight Service) शुरू करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। शुक्रवार को बोकारो सर्किट हाउस में उपायुक्त (DC) अजय नाथ झा की अध्यक्षता में जिला समन्वय समिति की एक उच्चस्तरीय बैठक संपन्न हुई। गौरतलब है कि यह बैठक दो महीने के लंबे अंतराल के बाद आयोजित की गई थी, जिसमें उड़ान सेवा शुरू करने के मार्ग में आ रही बाधाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में बोकारो स्टील प्लांट (BSL) के वरीय अधिकारी और एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया (AAI) के प्रतिनिधि मुख्य रूप से उपस्थित रहे।

AAI और बोकारो स्टील के बीच का गतिरोध समाप्त
Bokaro इस बैठक का मुख्य एजेंडा एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया और बोकारो स्टील लिमिटेड के बीच चल रहे कुछ तकनीकी और प्रशासनिक मतभेदों को सुलझाना था। उपायुक्त अजय नाथ झा ने सकारात्मक संकेत देते हुए बताया कि दोनों निकायों के बीच कुछ मुद्दों को लेकर जो गतिरोध बना हुआ था, उसे आपसी विमर्श से काफी हद तक दूर कर लिया गया है। डीसी ने स्पष्ट किया कि शेष बचे हुए छोटे-मोटे विवादों को अगले 15 दिनों के भीतर पूरी तरह समाप्त करने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने कहा कि प्रशासन और प्रबंधन के बीच समन्वय अब बेहतर हुआ है, जिसका सीधा सकारात्मक परिणाम बोकारो की जनता को जल्द ही देखने को मिलेगा।
अतिक्रमणकारियों पर सख्ती और सुरक्षा मानक
Bokaro उड़ान सेवा के लिए सुरक्षा मानकों (Safety Standards) को सर्वोपरि रखते हुए उपायुक्त ने कड़े निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने बताया कि पूर्व में एयरपोर्ट से सटे इलाकों से जो अतिक्रमण हटाया गया था, वहां अब नए सिरे से बाउंड्री वाल (घेराबंदी) का काम किया गया है। हालांकि, यह संज्ञान में आया है कि कुछ लोग घेराबंदी के भीतर फिर से प्रवेश कर रहे हैं। डीसी ने कड़ा रुख अपनाते हुए अधिकारियों को निर्देश दिया है कि जो लोग प्रतिबंधित क्षेत्र में घुसपैठ कर रहे हैं, उन पर तत्काल कानूनी कार्रवाई की जाए।
उन्होंने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि हवाई अड्डे की सुरक्षा परिधि के पास किसी भी प्रकार का ‘झोपड़ीनुमा’ या कच्चा निर्माण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। डीसी ने आम जनता से अपील की है कि वे सुरक्षा क्षेत्र से बाहर रहें ताकि नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) के मानकों को पूरा किया जा सके। प्रशासन को पूर्ण विश्वास है कि इन अंतिम बाधाओं के दूर होते ही बोकारो से हवाई सेवाओं का परिचालन विधिवत रूप से शुरू कर दिया जाएगा।
Also Read This: Jharkhand: JPSC सिविल सेवा परीक्षा 2026-आवेदन की अंतिम तिथि बढ़ी, अब 9 मार्च तक सुनहरा मौका

