5 हजार रुपये के लालच में आईडी और सिम देने का आरोप, तीन संदिग्धों की तलाश में पुलिस
इंदौर। एमआईजी थाना पुलिस ने साइबर ठगी में इस्तेमाल किए जा रहे फर्जी सिम कार्ड के नेटवर्क का खुलासा करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। मामले में तीन अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि कुछ लोग महज 5 हजार रुपये के लालच में अपनी पहचान संबंधी दस्तावेज और सिम कार्ड दूसरे लोगों को इस्तेमाल के लिए उपलब्ध करा रहे थे।
साइबर ठगी की जांच में सामने आया मामला
पुलिस साइबर अपराध में इस्तेमाल किए गए एक सिम कार्ड की जांच कर रही थी। जांच के दौरान पता चला कि सिम कार्ड वैध दस्तावेजों के आधार पर जारी हुआ था, लेकिन जिस व्यक्ति के नाम पर वह पंजीकृत था, उसने उसे दूसरे लोगों को इस्तेमाल करने के लिए दे दिया था।
पुलिस ने मामले में चार लोगों के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया है। इनमें से एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि तीन अन्य की तलाश जारी है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इन सिम कार्ड का इस्तेमाल किन साइबर अपराधों में किया गया और इसके पीछे कौन-कौन लोग सक्रिय हैं।
विजय नगर से भी मिली शिकायत
पुलिस के अनुसार, विजय नगर क्षेत्र से भी इसी तरह की शिकायत सामने आई है। संबंधित मामले की जांच की जा रही है और इसके आधार पर साइबर ठगी के नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है।
पुलिस की लोगों से अपील
पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी आर्थिक लालच में अपनी आईडी, आधार संबंधी दस्तावेज या मोबाइल सिम किसी अन्य व्यक्ति को इस्तेमाल के लिए न दें। अपनी पहचान का दुरुपयोग होने पर व्यक्ति स्वयं भी कानूनी कार्रवाई के दायरे में आ सकता है। साइबर अपराध से बचने के लिए दस्तावेजों और मोबाइल कनेक्शन की जानकारी को सुरक्षित रखना बेहद जरूरी है।
