रिपोर्टर: अजीत कुमार ठाकुर
Supaul : अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस के सुअवसर पर सुपौल में बालिकाओं के सम्मान, प्रोत्साहन और विधिक अधिकारों के प्रति सजगता बढ़ाने के उद्देश्य से एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (NALSA) और बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण (BSLSA) के तत्वावधान में आयोजित यह कार्यक्रम प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष (DLSA) श्री राजेश कुमार बच्चन के निर्देशन तथा DLSA सचिव श्री अमित गौरव के कुशल पर्यवेक्षण में संपन्न हुआ। इस समारोह में शिक्षा, खेलकूद और साहस के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रदर्शन करने वाली स्थानीय बालिकाओं को उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए सार्वजनिक रूप से सम्मानित किया गया।
शिक्षा, खेल और साहस के क्षेत्र में होनहार बालिकाओं का सम्मान
Supaul कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्रों में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाने वाली बालिकाओं को मंच पर सम्मानित कर उनका उत्साहवर्धन किया गया। शैक्षणिक गतिविधियों में सर्वोत्कृष्ट अंक प्राप्त करने के लिए चांदनी कुमारी, करिश्मा कुमारी, कृति कुमारी और स्वाति कुमारी को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। वहीं खेलकूद प्रतियोगिता के अंतर्गत हाई जंप में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाली भवानी कुमारी और एथलेटिक्स क्षेत्र में अपनी पहचान बनाने वाली लक्ष्मी कुमारी को सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त, विपरीत परिस्थितियों में अदम्य साहस और बहादुरी का परिचय देने वाली दो अन्य बालिकाओं को भी विशेष रूप से सराहा गया।
महिला न्यायिक अधिकारियों द्वारा बालिकाओं से प्रेरक संवाद
Supaul आयोजन के दौरान उपस्थित महिला न्यायिक पदाधिकारियों ने उपस्थित बालिकाओं से सीधा और प्रेरणादायक संवाद स्थापित किया। उन्होंने शिक्षा को जीवन में सफलता की सबसे बड़ी कुंजी बताते हुए बालिकाओं को आत्मनिर्भरता, आत्मविश्वास और अधिकारों के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया। वक्ताओं ने कहा कि लगन, कठिन परिश्रम और सही मार्गदर्शन के बल पर बालिकाएं हर चुनौती को पार कर जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में नए मुकाम हासिल कर सकती हैं। इस संवाद ने उपस्थित छात्राओं और युवतियों में एक नया उत्साह और आत्मविश्वास भरने का काम किया।
न्यायिक पदाधिकारियों की उपस्थिति और विधिक अधिकारों की जानकारी
Supaul इस गरिमामयी समारोह में परिवार न्यायालय के प्रधान न्यायाधीश श्री राहुल उपाध्याय, पोक्सो (POCSO) विशेष न्यायाधीश श्री राजेश कुमार, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी (CJM) श्री रामचंद्र प्रसाद, SDJM श्रीमती निधि जायसवाल, किशोर न्याय बोर्ड के प्रधान दंडाधिकारी श्री शोभित सौरव, सुपौल बार एसोसिएशन के सचिव श्री सुधीर मिश्रा तथा बाल कल्याण समिति की सदस्य श्रीमती अफसरी सहित कई अन्य गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। DLSA सचिव श्री अमित गौरव ने बालिकाओं को उनके कानूनी अधिकारों और जरूरत पड़ने पर मिलने वाली मुफ्त विधिक सहायता की विस्तृत जानकारी दी। मंच का सफल संचालन मुंसिफ श्री सुदीप पांडेय द्वारा किया गया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी सुश्री राखी कुमारी ने प्रस्तुत किया।
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