रिपोर्टर: प्रेम श्रीवास्तव
Jamshedpur : देशभर में गणेश चतुर्थी और गणेशोत्सव की धूम मची हुई है। इसी बीच लौहनगरी जमशेदपुर से गणेश पूजा का एक बेहद अनूठा और सराहनीय रूप सामने आया है। शहर में आयोजित एक विशेष पूजा पंडाल में भगवान गणेश की आराधना के साथ-साथ प्रकृति और वन्य जीवों की रक्षा का एक प्रभावी संदेश भी दिया जा रहा है।
प्राकृतिक सौंदर्य से सजी गणपति की अनुपम प्रतिमा
Jamshedpur जमशेदपुर के प्रमुख समाजसेवी और सिने तारिका माधुरी दीक्षित के अनन्य प्रशंसक पप्पू सरदार द्वारा इस अनोखे गणेशोत्सव का आयोजन किया गया है। पूजा पंडाल में स्थापित की गई श्रीगणेश की प्रतिमा बेहद आकर्षक और विचारणीय है। इस प्रतिमा संरचना में हरे-भरे जंगलों, प्राकृतिक दृश्यों और विभिन्न वन्य जीवों की आकृतियों को बेहद संजीदगी से उकेरा गया है। इसके माध्यम से पंडाल आने वाले हर श्रद्धालु को प्रकृति के साथ जुड़ने की प्रेरणा मिल रही है।
संतुलित विकास और प्रकृति संरक्षण पर जोर
Jamshedpur आयोजक पप्पू सरदार ने आयोजन के मूल उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आधुनिकता और विकास की दौड़ में इंसान प्रकृति को पीछे छोड़ता जा रहा है, जो चिंताजनक है। उन्होंने स्पष्ट किया कि विकास की आवश्यकता अपनी जगह है, लेकिन जंगल, पेड़-पौधों और बेजुबान वन्य जीवों की सुरक्षा के बिना मानव जीवन का अस्तित्व अधूरा है। पर्यावरण का संतुलन बनाए रखने के लिए हर नागरिक को अपने स्तर पर आगे आना होगा।
भक्ति के साथ जन-जागरूकता का संगम
Jamshedpur ‘गणपति बप्पा मोरया’ के जयकारों से गूंजते इस पूजा स्थल पर आध्यात्मिक शांति के साथ-साथ एक सामाजिक जिम्मेदारी का अहसास भी कराया जा रहा है। आयोजन समिति की ओर से श्रद्धालुओं से अपील की जा रही है कि वे दैनिक जीवन में पौधों का संरक्षण करें और वन्य जीवों के प्रति दयाभाव रखें। भक्ति और पर्यावरण जागरूकता का यह बेहतरीन संगम इस समय शहरभर में चर्चा का विषय बना हुआ है।

