Ear painEar pain
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Ear pain : कान में दर्द कई वजहों से हो सकता है। सर्दी-जुकाम, कान में संक्रमण, वैक्स जमा होना या साइनस की समस्या इसके पीछे कारण हो सकती है। हल्का दर्द होने पर कुछ सामान्य घरेलू उपाय अस्थायी राहत देने में मदद कर सकते हैं। हालांकि, कान के अंदर किसी भी तरह का तेल, रस या अन्य पदार्थ डालने से पहले सावधानी जरूरी है, क्योंकि कान के पर्दे में छेद होने या संक्रमण की स्थिति में इससे नुकसान हो सकता है।

1. गर्म या ठंडी सिकाई करें

कान के बाहर हल्की गर्म सिकाई दर्द और आसपास की असहजता को कम करने में मदद कर सकती है। इसके लिए साफ कपड़े को गुनगुने पानी में भिगोकर अच्छी तरह निचोड़ें और कान के बाहर करीब 10 से 15 मिनट रखें।

कुछ लोगों को ठंडी सिकाई से भी आराम मिल सकता है। बर्फ को सीधे त्वचा पर लगाने के बजाय कपड़े में लपेटकर कुछ मिनट के लिए कान के बाहर रखें।

2. लहसुन के इस्तेमाल में बरतें सावधानी

लहसुन में कुछ ऐसे प्राकृतिक यौगिक पाए जाते हैं जिनमें सूजन और बैक्टीरिया के खिलाफ गुण हो सकते हैं। लेकिन लहसुन का तेल सीधे कान के अंदर डालना सुरक्षित नहीं माना जाता, खासकर तब जब कान के पर्दे की स्थिति पता न हो।

यदि लहसुन का इस्तेमाल करना चाहते हैं तो डॉक्टर की सलाह से ही करें। बिना चिकित्सकीय सलाह के किसी भी घरेलू तेल को कान के अंदर डालने से बचें।

3. प्याज का रस कान में न डालें

प्याज में एंटीऑक्सीडेंट और सूजन कम करने वाले कुछ यौगिक होते हैं, लेकिन इसका रस सीधे कान में डालना घरेलू उपचार के तौर पर सुरक्षित विकल्प नहीं है। कान के अंदर किसी भी तरह का रस डालने से जलन या संक्रमण बढ़ने का खतरा हो सकता है।

कान दर्द होने पर प्याज के रस के बजाय चिकित्सकीय सलाह लेना अधिक सुरक्षित विकल्प है।

4. भाप से मिल सकती है राहत

अगर कान में दर्द सर्दी-जुकाम या नाक बंद होने के साथ हो रहा है, तो भाप लेने से नाक और ऊपरी श्वसन मार्ग में जकड़न कम करने में मदद मिल सकती है। इससे कान में महसूस होने वाला दबाव भी कुछ हद तक कम हो सकता है।

भाप लेते समय बहुत गर्म पानी से बचें। जलने से बचने के लिए बच्चों को गर्म पानी की भाप देते समय विशेष सावधानी बरतें।

5. अदरक का इस्तेमाल कान के बाहर करें

अदरक में सूजन कम करने वाले और दर्द से राहत देने वाले गुण पाए जाते हैं। हालांकि, अदरक का रस या किसी भी तरह का मिश्रण कान के अंदर डालने से बचना चाहिए।

यदि डॉक्टर इसे सुरक्षित मानें, तो अदरक आधारित हल्के मिश्रण को कान के बाहर आसपास की त्वचा पर लगाया जा सकता है। जलन, खुजली या एलर्जी महसूस होने पर तुरंत इसे साफ कर दें।

Ear pain कान दर्द में इन बातों का रखें ध्यान

कान में दर्द होने पर कॉटन बड, माचिस की तीली या किसी नुकीली वस्तु से कान साफ करने की कोशिश न करें। इससे कान के पर्दे को नुकसान पहुंच सकता है। बिना डॉक्टर की सलाह के कान में तेल, हर्बल ड्रॉप्स या घरेलू नुस्खे डालने से भी बचना चाहिए।

अगर दर्द तेज है, कान से पानी या पस निकल रही है, सुनाई देने में कमी हो रही है, तेज बुखार है, चक्कर आ रहे हैं या दर्द लगातार बना हुआ है, तो डॉक्टर से जांच कराना जरूरी है।

नोट: ये घरेलू उपाय केवल सामान्य जानकारी के लिए हैं। कान दर्द का सही इलाज उसके कारण पर निर्भर करता है। कान के अंदर कोई भी पदार्थ डालने से पहले ENT विशेषज्ञ की सलाह लेना बेहतर है।

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