by-Ravindra Sikarwar
नोएडा, उत्तर प्रदेश: मानसून की जोरदार बारिश ने नोएडा के बुनियादी ढांचे की पोल खोल दी है। सेक्टर-100 स्थित पाथवेज स्कूल के पास एक सर्विस रोड अचानक धँस गई, जिससे सड़क के बीचो-बीच लगभग 12 फीट चौड़ा और 15 फीट गहरा विशाल गड्ढा बन गया। इस चौंकाने वाली घटना ने स्कूल जाने वाले बच्चों के अभिभावकों और रोजाना आवागमन करने वाले यात्रियों के लिए बड़ी मुसीबत खड़ी कर दी है।
घटना का विस्तृत विवरण:
जानकारी के अनुसार, यह घटना मंगलवार सुबह हुई, जब इलाके में लगातार हो रही बारिश के कारण सड़क की नींव कमजोर पड़ गई। पाथवेज स्कूल जैसी बड़ी संस्था के ठीक पास एक व्यस्त सर्विस रोड का इस तरह अचानक धँसना, सभी को हैरान कर रहा है। गनीमत यह रही कि जिस समय सड़क धँसी, उस वक्त कोई बड़ा वाहन या अधिक लोग उस जगह से नहीं गुजर रहे थे, जिससे कोई बड़ा हादसा टल गया।
यह सड़क स्कूल के नजदीक होने के कारण, सुबह और शाम के समय यहां छात्रों और अभिभावकों की भारी भीड़ होती है। अब सड़क पर बने इस विशाल गड्ढे के कारण, अभिभावकों को बच्चों को स्कूल छोड़ने और लेने में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्हें लंबे और जाम वाले वैकल्पिक रास्तों का उपयोग करना पड़ रहा है, जिससे समय और ईंधन दोनों की बर्बादी हो रही है। दैनिक यात्रियों को भी अपने गंतव्य तक पहुंचने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
बुनियादी ढांचे पर गंभीर सवाल:
इस घटना ने नोएडा प्राधिकरण और अन्य संबंधित विभागों द्वारा सड़क निर्माण और रखरखाव की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि सड़कों के निर्माण में घटिया सामग्री का इस्तेमाल किया जा रहा है और मानसून से पहले आवश्यक मरम्मत और निरीक्षण का काम ठीक से नहीं किया जाता। बारिश के मौसम में पानी के रिसाव से मिट्टी कटती है, और अगर सड़क की नींव मजबूत न हो, तो ऐसे गड्ढे बनना आम हो जाता है।
प्रशासनिक कार्रवाई और आगे की चुनौतियाँ:
घटना की सूचना मिलते ही नोएडा प्राधिकरण की टीमें और स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची। उन्होंने तुरंत गड्ढे के चारों ओर बैरिकेडिंग लगाकर क्षेत्र को सुरक्षित किया, ताकि कोई अनहोनी न हो। यातायात को भी वैकल्पिक मार्गों पर मोड़ दिया गया है। प्राधिकरण के अधिकारियों ने बताया है कि गड्ढे की गहराई और उसके बनने के सटीक कारणों की जांच की जा रही है। उन्होंने आश्वासन दिया है कि मरम्मत का काम जल्द से जल्द शुरू किया जाएगा, लेकिन इस काम में कई दिन लग सकते हैं, जिससे यात्रियों की मुश्किलें बढ़ेंगी।
यह घटना सिर्फ एक गड्ढे तक सीमित नहीं है, बल्कि यह मानसून के दौरान शहरी बुनियादी ढांचे की कमजोरियों को उजागर करती है। नागरिकों ने प्रशासन से सड़कों की नियमित और गहन जांच के साथ-साथ उच्च गुणवत्ता वाले निर्माण सामग्री का उपयोग सुनिश्चित करने की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसी दुर्घटनाओं को रोका जा सके। क्या प्रशासन इस चेतावनी से सबक सीखेगा और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ठोस कदम उठाएगा?
