BY: Yoganand Shrivastva
पश्चिम बंगाल की राजनीति में आज एक नया इतिहास रचा जा रहा है। 2026 के विधानसभा चुनाव के रुझानों ने साफ कर दिया है कि बंगाल की जनता ने बड़े बदलाव के लिए जनादेश दिया है। राज्य में पहली बार भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनती दिख रही है, जिससे दिल्ली से लेकर कोलकाता तक भगवा खेमे में जश्न का माहौल है।
ऐतिहासिक बहुमत की ओर भाजपा, टीएमसी पिछड़ी
ताजा आंकड़ों के मुताबिक, पश्चिम बंगाल की 294 सीटों में से भाजपा 169 सीटों पर स्पष्ट बढ़त बनाए हुए है, जो बहुमत के जादुई आंकड़े से कहीं अधिक है। वहीं, पिछले 15 वर्षों से सत्ता पर काबिज ममता बनर्जी की तृणमूल कांग्रेस (TMC) महज 91 सीटों पर सिमटती नजर आ रही है। विशेषकर सीमावर्ती, आदिवासी और औद्योगिक क्षेत्रों में भाजपा ने क्लीन स्वीप किया है। हालांकि, भवानीपुर सीट पर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और भाजपा के बीच कांटे की टक्कर जारी है, जिसने मुकाबले को बेहद रोमांचक बना दिया है।
दिल्ली मुख्यालय में महाजश्न: शाम को जुटेंगे दिग्गज
जीत की आहट मिलते ही दिल्ली स्थित भाजपा राष्ट्रीय मुख्यालय को उत्सव के लिए सजा दिया गया है। जानकारी के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज शाम 6:30 बजे पार्टी मुख्यालय पहुंचेंगे। यहां वे न केवल जीत का जश्न मनाएंगे, बल्कि देश भर के कार्यकर्ताओं को संबोधित भी करेंगे। पार्टी सूत्रों का कहना है कि यह संबोधन बंगाल में भविष्य की रणनीति और विकास के ‘सोनार बांग्ला’ रोडमैप पर केंद्रित हो सकता है।
असम में भी ‘डबल इंजन’ की धमक
सिर्फ बंगाल ही नहीं, बल्कि पड़ोसी राज्य असम में भी भाजपा ने अपने बेहतरीन प्रदर्शन को दोहराते हुए रुझानों में बहुमत का आंकड़ा पार कर लिया है। असम और बंगाल, दोनों राज्यों के परिणाम भाजपा की पूर्वोत्तर और पूर्वी भारत की नीति के लिए बड़ी जीत माने जा रहे हैं। कार्यकर्ताओं ने सुबह से ही आतिशबाजी शुरू कर दी है और ‘जय श्री राम’ के नारों से माहौल पूरी तरह चुनावी उत्सव में तब्दील हो गया है।
