BY: Yoganand Shrivastva
ग्वालियर: पुलिस पार्टी पर हमला कर आरक्षक को गोली मारने वाले आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए मुरैना-ग्वालियर पुलिस ने संयुक्त अभियान शुरू किया है। आज सुबह से पुलिस ने जनकपुर गांव समेत धौलपुर और आसपास के आधा दर्जन स्थानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की, लेकिन आरोपियों का कहीं सुराग नहीं मिला। सभी घरों पर ताले लटके हुए मिले हैं। सूत्रों के अनुसार आरोपी मध्य प्रदेश की सीमा पार कर राजस्थान में छिपे हुए हैं। इस मामले में पुलिस ने एक दर्जन नामजद और 3 अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
जानकारी के अनुसार, ग्वालियर महाराजपुरा थाने में पदस्थ सब-इंस्पेक्टर रणवीर सिंह नरवरिया की अगुवाई में पुलिस पार्टी मुरैना में फरारी बदमाश को पकड़ने गई थी। जनकपुर गांव में रेड के दौरान पुलिस ने आरोपी अंकुश गुर्जर को पकड़ लिया। तभी फरारी बदमाश हददू उर्फ सौरव गुर्जर अपने हथियारबंद साथियों के साथ पुलिस पार्टी पर हमला बोल दिया। इस हमले में हददू के भाई गौरव गुर्जर ने कट्टे से आरक्षक अनिल तोमर के पैर में गोली मार दी। आरक्षक घायल होकर जमीन पर गिर गए। बदमाशों के हावी होते ही पुलिस ने भी फायरिंग की। इस दौरान आरोपी अंकुश गुर्जर को बदमाश अपने साथ ले गए।
घटना के बाद घायल आरक्षक को जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां से उन्हें ग्वालियर रेफर कर दिया गया। सिविल लाइन थाना पुलिस ने इस मामले में हददू गुर्जर, गौरव गुर्जर, श्यामवीर गुर्जर, परीक्षित गुर्जर, मोनू गुर्जर, करुआ गुर्जर, रवि गुर्जर, रामब्रज गुर्जर, पूरन गुर्जर और अंकुश गुर्जर के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
आज सुबह आरोपियों की तलाश में मुरैना-ग्वालियर पुलिस ने संयुक्त रेड की। सबसे पहले जनकपुर गांव में दो स्थानों पर छापेमारी हुई, उसके बाद धौलपुर के चार स्थानों पर कार्रवाई की गई। पुलिस को घरों पर ताले लटके मिले और अब भी आरोपियों की तलाश जारी है। एएसपी सुरेंद्र पाल डाबर ने बताया कि फायरिंग करने वाले बदमाशों का आपराधिक रिकॉर्ड खंगाला जा रहा है और उनके सिर पर इनाम रखने की कार्रवाई भी की जाएगी।
