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रिपोर्टर: प्रताप सिंह बघेल

Morena : मध्य प्रदेश के मुरैना में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ कोतवाली थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने पुरानी हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी स्थित एक किराए के मकान पर छापा मारकर 2856 इंजेक्शन बरामद किए हैं। जब्त इंजेक्शनों की अनुमानित कीमत करीब 4.50 लाख रुपये बताई गई है। मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों मयंक गुप्ता, अनिल उर्फ बॉबी गुप्ता और ईशान वर्मा को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी आगरा से इंजेक्शन खरीदकर मुरैना में उनकी सप्लाई करते थे।

किराए के मकान में जमा कर रखे थे इंजेक्शन

Morena पुलिस के मुताबिक, पुरानी हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में किराए पर लिए गए मकान का इस्तेमाल इंजेक्शनों को जमा करने और उनकी सप्लाई के लिए किया जा रहा था। आरोपियों पर बिना वैध लाइसेंस के इंजेक्शनों की खरीद-बिक्री करने का आरोप है।

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, आरोपी आगरा से इंजेक्शन लाकर मुरैना में बेचते थे। पुलिस को यह भी जानकारी मिली है कि मेडिकल स्टोरों के अलावा सीधे युवाओं तक इंजेक्शन पहुंचाए जा रहे थे। आरोप है कि करीब 100 रुपये में मिलने वाले इंजेक्शन को 200 से 300 रुपये तक में बेचा जाता था।

पांच कंपनियों के 2856 इंजेक्शन बरामद

Morena छापेमारी के दौरान पुलिस ने अलग-अलग कंपनियों के कुल 2856 इंजेक्शन जब्त किए। पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, बरामद इंजेक्शनों में शामिल हैं:

  • Mephetermine कंपनी के 1060 इंजेक्शन
  • Termine कंपनी के 470 इंजेक्शन
  • Terminde कंपनी के 336 इंजेक्शन
  • Mepho कंपनी के 330 इंजेक्शन
  • Mephro कंपनी के 560 इंजेक्शन

जब्त सामग्री की कुल कीमत करीब 4.50 लाख रुपये आंकी गई है। पुलिस अब इंजेक्शनों की खरीद, उनके इस्तेमाल और सप्लाई नेटवर्क से जुड़े तथ्यों की जांच कर रही है।

मुखबिर को ग्राहक बनाकर पुलिस ने की कार्रवाई

Morena पुलिस को पिछले कुछ दिनों से पुरानी हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में नशे के इंजेक्शन बेचे जाने की सूचना मिल रही थी। इसके बाद कोतवाली थाना प्रभारी अमित भदौरिया के निर्देश पर टीम ने आरोपियों तक पहुंचने की योजना बनाई।

पुलिस ने अपने मुखबिर को ग्राहक बनाकर इंजेक्शन खरीदने के लिए भेजा। जैसे ही आरोपियों ने उसे इंजेक्शन दिया, आसपास सादे कपड़ों में मौजूद पुलिसकर्मियों ने कार्रवाई करते हुए तीनों को पकड़ लिया।

पुलिस के अनुसार, इंजेक्शनों का इस्तेमाल नशे के लिए किए जाने की आशंका है। मामले में ड्रग्स एंड कॉस्मेटिक्स एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस कारोबार में अन्य लोग भी शामिल हैं या नहीं और इंजेक्शनों की सप्लाई कहां-कहां की जा रही थी।

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