By: Ravindra Sikarwar
Breaking news Japan earthquake: जापान के पश्चिमी हिस्से में मंगलवार सुबह जोरदार भूकंप के झटके महसूस किए गए। यह घटना 6 जनवरी 2026 को हुई, जिसमें कोई सुनामी का खतरा नहीं बताया गया।
भूकंप की मुख्य जानकारी
जापान मौसम विज्ञान एजेंसी (JMA) के अनुसार, पहला भूकंप सुबह 10:18 बजे आया, जिसकी तीव्रता 6.2 मापी गई। इसका केंद्र पूर्वी शिमाने प्रांत में था और गहराई लगभग 10 किलोमीटर थी। जापान की सिस्मिक इंटेंसिटी स्केल (1 से 7 तक) पर यह ऊपरी 5 दर्ज किया गया, जिससे चलना मुश्किल हो जाता है और फर्नीचर गिर सकता है।
मिनटों बाद, लगभग 10:30 बजे दूसरा झटका आया, जिसकी तीव्रता 5.1 थी और यह यासुगी क्षेत्र में निचले 5 इंटेंसिटी पर दर्ज किया गया। इसके बाद कई आफ्टरशॉक्स आए, जिनमें से कुछ की तीव्रता 4.5 से 5.4 तक रही। शाम तक कुल 21 से अधिक झटके दर्ज किए गए।
प्रभाव और नुकसान
भूकंप से शिमाने और तोत्तोरी प्रांतों में सबसे ज्यादा कंपन महसूस किया गया। मत्सुए और यासुगी शहरों में झटके तेज थे। कुछ रिपोर्ट्स में चार से पांच लोगों के अस्पताल पहुंचने की खबर है, साथ ही कुछ इमारतों को मामूली नुकसान हुआ। हालांकि, बड़े पैमाने पर क्षति या मौतों की कोई पुष्टि नहीं हुई है।
शिंकानसेन बुलेट ट्रेन सेवाएं शिन-ओसाका और हाकाता के बीच अस्थायी रूप से रोक दी गईं। प्रभावित क्षेत्रों में भूस्खलन और चट्टानों के गिरने का खतरा बढ़ गया है, खासकर अगर बारिश हुई तो।
परमाणु संयंत्र पर असर
शिमाने न्यूक्लियर पावर स्टेशन, जो केंद्र से करीब 32 किलोमीटर दूर है, में कोई अनियमितता नहीं पाई गई। प्लांट का यूनिट 2 सामान्य रूप से चल रहा है। न्यूक्लियर रेगुलेशन अथॉरिटी ने भी कोई समस्या नहीं होने की पुष्टि की।
जापान में भूकंप क्यों आम हैं?
जापान पैसिफिक रिंग ऑफ फायर पर स्थित है, जहां टेक्टॉनिक प्लेट्स की टक्कर से भूकंप频繁 होते हैं। दुनिया के 20% बड़े भूकंप यहीं आते हैं। हाल के वर्षों में नोटो प्रायद्वीप (2024) और आओमोरी (दिसंबर 2025) में बड़े भूकंप आए थे।
JMA ने चेतावनी दी है कि अगले एक सप्ताह, खासकर 2-3 दिनों में ऊपरी 5 इंटेंसिटी के झटके आ सकते हैं। लोगों से सतर्क रहने और आपात तैयारी रखने की अपील की गई है।
यह भूकंप 2026 का अब तक का सबसे मजबूत झटका है, जो जापान की भूकंपीय सक्रियता की याद दिलाता है।
