रिपोर्टर: रतन कुमार
Jamtara illegal mining action : झारखंड के जामताड़ा जिले में अवैध खनन और खनिजों के गैर-कानूनी परिवहन पर नकेल कसने के लिए प्रशासन ने पूरी तरह से कमर कस ली है। गुरुवार को समाहरणालय सभागार में उपायुक्त (DC) सह जिला दंडाधिकारी आलोक कुमार की अध्यक्षता में जिला स्तरीय खनन टास्क फोर्स की एक अहम बैठक आयोजित की गई। इस उच्च स्तरीय बैठक में अवैध खनन और माफियाओं की गतिविधियों की गहरी समीक्षा की गई तथा अधिकारियों को सख्त हिदायत दी गई कि ऐसे मामलों में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
Jamtara illegal mining action एनजीटी (NGT) के आदेशों का सख्ती से होगा पालन
बैठक के दौरान उपायुक्त ने नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (NGT) के दिशा-निर्देशों का हवाला देते हुए अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि एनजीटी के आदेशानुसार 10 जून से 15 अक्टूबर तक नदी घाटों से बालू के उठाव और उत्खनन पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध रहेगा। डीसी ने कहा कि इस रोक का अक्षरशः पालन हर हाल में सुनिश्चित किया जाए। बालू के अवैध कारोबार को रोकने में यदि किसी भी स्तर पर प्रशासनिक लापरवाही पाई गई, तो संबंधित कर्मियों पर भी गाज गिरेगी।
Jamtara illegal mining action ‘हॉटस्पॉट’ इलाकों की पहचान और औचक निरीक्षण के निर्देश
जिले में अवैध खनन के नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए एक विशेष रणनीति तैयार की गई है। उपायुक्त ने सभी अंचल अधिकारियों (CO), थाना प्रभारियों और जिला खनन टास्क फोर्स को निर्देश दिया है कि वे जिले में अवैध खनन के ‘हॉटस्पॉट’ (अतिसंवेदनशील क्षेत्रों) को चिन्हित करें। इन इलाकों में नियमित रूप से औचक छापेमारी (Surprise Inspection) अभियान चलाया जाएगा। जो भी व्यक्ति या गिरोह इस अवैध धंधे में संलिप्त पाया जाएगा, उसके खिलाफ त्वरित एफआईआर (FIR) दर्ज कर कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
Jamtara illegal mining action बिना तिरपाल ढके कोयला ढुलाई और अनफिट डंपरों पर गिरेगी गाज
कोयला परिवहन के दौरान बरती जा रही लापरवाही पर उपायुक्त ने गहरी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने साफ किया कि बिना तिरपाल से ढके कोयला ले जा रहे डंपरों और ट्रकों के खिलाफ तुरंत कार्रवाई की जाए। इसके साथ ही, सड़कों पर दौड़ रहे अनफिट वाहनों की सघन जांच कर उन्हें जब्त करने का आदेश भी दिया गया है।
कार्रवाई के आंकड़े: बैठक में यह जानकारी भी साझा की गई कि प्रशासन ने चालू वित्तीय वर्ष में अवैध खनिज परिवहन के खिलाफ कड़ा रुख अपनाते हुए अब तक 30 मामले दर्ज किए हैं। इस दौरान 32 वाहनों को जब्त किया गया है और माफियाओं से 9.35 लाख रुपये से अधिक का जुर्माना भी वसूला गया है।
इस महत्वपूर्ण बैठक में ईसीएल (ECL) के प्रतिनिधि और संबंधित विभागों के कई आला अधिकारी मौजूद रहे।

