By: Ravindra Sikarwar
इंदौर के लसूडिया थाना क्षेत्र में बुधवार देर रात एक दिल दहला देने वाला सड़क हादसा हुआ। मात्र 10 साल के मासूम बच्चे के सामने उसके पिता की जिंदगी छिन गई। तेज रफ्तार कार ने बाइक सवार पिता-पुत्र को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भयानक थी कि पिता करीब 20 फीट दूर जा गिरे और मौके पर ही उनकी सांसें थम गईं। यह हादसा उस समय हुआ जब पिता अपने छोटे बेटे को खुश करने के लिए उसे घुमाने निकले थे।
घटना बुधवार रात करीब 8 बजे की है। मृतक की पहचान 38 वर्षीय राजेश पिता भेरूलाल निवासी लसूडिया के रूप में हुई है। राजेश अपने 10 साल के बेटे को बाइक पर बैठाकर घुमाने निकले थे। बायपास रोड पर वे कुछ देर के लिए रुक गए। राजेश ने बाइक सड़क किनारे खड़ी की और बच्चे को उस पर बैठा दिया। खुद सामान लेने या किसी काम से थोड़ा आगे चले गए थे। तभी पीछे से आ रही एक तेज रफ्तार कार ने बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर का धक्का इतना जबरदस्त था कि राजेश हवा में उछलकर करीब 20 फीट दूर सड़क पर जा गिरे। बच्चा भी बाइक सहित दूर जा गिरा, लेकिन उसे गंभीर चोट नहीं आई।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक टक्कर के बाद कार चालक ने गाड़ी नहीं रोकी और मौके से फरार हो गया। आसपास के लोग दौड़े, लेकिन तब तक राजेश की सांसें उखड़ चुकी उखड़ चुकी थीं। खून से लथपथ हालत में उन्हें तुरंत नजदीकी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। छोटा बच्चा सदमे में था। वह बार-बार अपने पापा को पुकार रहा था, लेकिन पापा अब कभी लौटकर नहीं आने वाले थे। यह दृश्य देखकर मौके पर मौजूद लोगों की आँखें नम हो गईं।
राजेश के परिवार में अब तीन छोटे-छोटे बच्चे हैं। सबसे बड़ा बच्चा वही 10 साल का बेटा है जो इस हादसे का गवाह बना। पत्नी और परिवार के अन्य सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल है। पड़ोसियों ने बताया कि राजेश मजदूरी करके परिवार चलाते थे। बेहद सीधे-सादे और मेहनती इंसान थे। शाम को थोड़ी देर बच्चे को घुमाने ले जाना उनकी रोज की आदत थी। आज वही प्यार उनकी जान ले गया। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है और अज्ञात कार चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं ताकि हिट एंड रन करने वाले को जल्द पकड़ा जा सके।
यह हादसा एक बार फिर सड़क सुरक्षा के मुद्दे को सामने ला खड़ा करता है। तेज रफ्तार और लापरवाही से हर दिन कितनी ही जिंदगियाँ बुझ रही हैं। एक पल की गलती ने तीन अनाथ बच्चों को हमेशा के लिए उनके पिता से दूर कर दिया। छोटा बच्चा बच्चा जब बड़ा होगा तो उसे याद रहेगा कि उस दिन पापा उसे घुमाने ले गए थे और फिर कभी घर नहीं लौटे। यह दर्द शायद जीवन भर उसकी आँखों में झलकता रहेगा। पुलिस से उम्मीद है कि दोषी को जल्द न्याय मिलेगा, लेकिन जो खो गया, वह कभी वापस नहीं आएगा।
