by-Ravindra Sikarwar
भारतीय ग्रैंडमास्टर और विश्व चैंपियन डी. गुकेश को फिडे ग्रैंड स्विस टूर्नामेंट में भारी झटके लगे हैं। गुरुवार, 11 सितंबर को उन्होंने लगातार तीसरी हार का सामना किया, जिससे शतरंज जगत में चिंता बढ़ गई है। यह हार उनके विश्व चैंपियन के दर्जे को देखते हुए और भी महत्वपूर्ण हो जाती है।
हाल की हार का विवरण:
गुकेश की लगातार हार के मुख्य बिंदु इस प्रकार हैं:
- नवीनतम हार: फिडे ग्रैंड स्विस के सातवें राउंड में गुकेश 16 वर्षीय तुर्की ग्रैंडमास्टर एडिज़ गुरेल से हार गए। यह उनकी टूर्नामेंट में तीसरी लगातार हार थी।
- तकनीकी गलती: इस मैच में गुकेश ने एंडगेम (खेल के अंतिम चरण) में एक बड़ी गलती की, जिसके कारण उन्होंने एक बिशप खो दिया और अंततः मैच हार गए।
- पिछली हारें: गुरेल से हारने से पहले, गुकेश को अमेरिकी ग्रैंडमास्टर अभिमन्यु मिश्रा और ग्रीक ग्रैंडमास्टर निकोलास थियोडोरौ से भी हार का सामना करना पड़ा था।
टूर्नामेंट की स्थिति पर असर:
इन लगातार हारों से गुकेश की टूर्नामेंट में स्थिति काफी कमजोर हो गई है:
- खिताब की दौड़ से बाहर: सात मैचों में केवल तीन अंकों के साथ, गुकेश अब टूर्नामेंट के खिताब की दौड़ से लगभग बाहर हो गए हैं। ‘द टाइम्स ऑफ इंडिया’ के अनुसार, उन्हें अब खिताब की दौड़ में बने रहने के लिए अपने बाकी सभी मैच जीतने होंगे, जो एक बहुत ही मुश्किल काम है।
शतरंज समुदाय की प्रतिक्रिया:
गुकेश की लगातार हार ने शतरंज समुदाय में एक बड़ी बहस छेड़ दी है:
- व्यापक चिंता: युवा विश्व चैंपियन की लगातार हार ने समुदाय में काफी चिंता पैदा कर दी है। कई विशेषज्ञ और प्रशंसक उनके प्रदर्शन को लेकर निराश हैं।
- आलोचना और सलाह: इस स्थिति ने चर्चा को जन्म दिया है, जिसमें कुछ लोग कह रहे हैं कि विश्व चैंपियन को हारने पर भी आलोचना का सामना करना पड़ता है। वहीं, अन्य लोग उन्हें सलाह दे रहे हैं कि वे ध्यान केंद्रित रखें और अपनी गलतियों से सीखें।
यह घटना दिखाती है कि विश्व चैंपियन होने के बावजूद भी किसी भी खिलाड़ी को कठिन प्रतिस्पर्धा का सामना करना पड़ सकता है और एक छोटी सी गलती भी बड़े परिणाम ला सकती है।
