Gopalganj:बिहार के गोपालगंज जिले के बैकुंठपुर विधानसभा क्षेत्र में हाल ही में बांध टूटने के कारण गंभीर बाढ़ की स्थिति उत्पन्न हो गई है। इस आपदा की वजह से बैकुंठपुर के किसानों की हजारों एकड़ खड़ी फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई है। स्थानीय लोगों और किसानों को भारी आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ रहा है, जिससे इलाके में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।
शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी का बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा
Gopalganj:गंभीर हालात का जायजा लेने और बाढ़ पीड़ितों का हौसला बढ़ाने के लिए बिहार सरकार के शिक्षा मंत्री और बैकुंठपुर विधायक मिथिलेश तिवारी तुरंत प्रभावित इलाकों में पहुंचे। उन्होंने बंजरिया, डुमरिया और गम्हारी समेत कई बस्तियों का दौरा किया। मंत्री ने मौके पर मौजूद ग्रामीणों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं और उन्हें सरकार की ओर से हरसंभव मदद का पूरा भरोसा दिलाया।
राहत कार्यों का निरीक्षण और अधिकारियों को निर्देश
Gopalganj:दौरे के दौरान मंत्री मिथिलेश तिवारी ने प्रशासन द्वारा चलाए जा रहे राहत और बचाव कार्यों का बारीकी से निरीक्षण किया। उन्होंने क्षेत्र में चल रहे कम्युनिटी किचन का जायजा लिया और पीड़ितों को बांटे जा रहे भोजन की गुणवत्ता की जांच की। उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि बाढ़ पीड़ितों को समय पर गुणवत्तापूर्ण भोजन और अन्य जरूरी राहत सामग्रियां मिलनी चाहिए। लापरवाही बरतने वालों को बख्शा नहीं जाएगा।
फसल क्षति मुआवजा और बांध काटने की उच्चस्तरीय जांच
- Gopalganj:मुआवजे का आश्वासन: किसानों के हुए भारी नुकसान पर बोलते हुए मंत्री ने कहा कि उन्होंने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से फोन पर बातचीत की है ताकि किसानों को जल्द से जल्द फसल क्षति का मुआवजा दिलाया जा सके।
- असामाजिक तत्वों पर शिकंजा: ग्रामीणों ने शिकायत की कि कुछ असामाजिक तत्वों ने जानबूझकर बांध को काटा है, जिसकी वजह से पानी तेजी से फैला। इस पर मंत्री ने उच्चस्तरीय जांच और दोषियों पर सख्त कार्रवाई का भरोसा दिया है।
- त्वरित प्रशासनिक कार्रवाई: शिक्षा मंत्री ने दावा किया कि घटना के महज 11 घंटे के भीतर ही लापरवाही बरतने वाले संबंधित इंजीनियर को निलंबित कर दिया गया है। सरकार इस संकट की घड़ी में जनता के साथ है और जल्द ही स्थिति को सामान्य करने के लिए प्रतिबद्ध है।

