रिपोर्टर: रविन्द्र सिंह
Janjgir–Champa : छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने ‘सुशासन तिहार’ के अंतर्गत जांजगीर-चांपा जिले में अचानक पहुंचकर प्रशासनिक व्यवस्थाओं का जायजा लिया। मुख्यमंत्री का हेलिकॉप्टर अचानक पामगढ़ विकासखंड के ग्राम कोसला में उतरा, जिससे स्थानीय प्रशासनिक अमले और अधिकारियों में हड़कंप मच गया। इस औचक निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री के साथ जिले के प्रभारी एवं राज्य के वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी भी मुख्य रूप से उपस्थित रहे।
Janjgir–Champa अचानक पहुंचे मुख्यमंत्री, प्रशासनिक अमले में मची खलबली
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का यह दौरा पूरी तरह से औचक (सरप्राइज) था। जैसे ही कोसला गांव में मुख्यमंत्री और वित्त मंत्री का हेलिकॉप्टर लैंड हुआ, जिला प्रशासन और स्थानीय पुलिस के अधिकारी तुरंत हरकत में आ गए। आनन-फानन में सभी आला अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर व्यवस्थाओं की कमान संभाली। मुख्यमंत्री ने बिना किसी पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के सीधे जमीन पर उतरकर क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों और प्रशासनिक कार्यप्रणाली की समीक्षा की।
Janjgir–Champa ग्रामीणों से सीधा संवाद और योजनाओं का जमीनी फीडबैक
मुख्यमंत्री को अपने बीच अचानक पाकर कोसला गांव के ग्रामीणों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों में भारी उत्साह देखा गया। बड़ी संख्या में जुटे ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री का पारंपरिक और आत्मीय स्वागत किया। सुशासन तिहार के मूल उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री साय ने आम लोगों से सीधा संवाद स्थापित किया। उन्होंने ग्रामीणों से पूछा कि उन्हें राशन, स्वास्थ्य, और अन्य सरकारी योजनाओं का लाभ समय पर मिल रहा है या नहीं, और व्यवस्थाओं की जमीनी हकीकत को परखा।
Janjgir–Champa पारदर्शिता और बेहतर गवर्नेंस के लिए लगातार दौरों का संकल्प
इस निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना था कि राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाएं बिना किसी बिचौलिए या रुकावट के सीधे समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंच रही हैं। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए कि आम जनता की समस्याओं का निवारण त्वरित गति से किया जाए। सरकार के अनुसार, सुशासन को धरातल पर उतारने और प्रशासनिक कसावट लाने के लिए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय द्वारा विभिन्न जिलों में इस तरह के औचक निरीक्षणों का सिलसिला आगे भी जारी रहेगा।

