by-Ravindra Sikarwar
बुरहानपुर: मध्य प्रदेश के बुरहानपुर शहर के अंदा बाजार इलाके में हाल ही में एक विशाल सिंकहोल (भू-धंसाव) मिला है, जिसने स्थानीय लोगों और इतिहासकारों के बीच हलचल मचा दी है। उनका मानना है कि यह 400 साल पुरानी मुगलकालीन सुरंग हो सकती है, जो ऐतिहासिक जनता हमाम तक जाती है। इस खोज ने नगर पालिका को इसे भरने के लिए प्रेरित किया, लेकिन जमीन के बार-बार धंसने और सुरंग होने के दावों ने पुरातत्व विभाग से औपचारिक जांच की मांग को जन्म दिया है ताकि इसकी वास्तविक प्रकृति और ऐतिहासिक महत्व का पता लगाया जा सके।
खोज का संदर्भ:
यह सिंकहोल बुरहानपुर के अंदा बाजार क्षेत्र में अचानक दिखाई दिया। स्थानीय निवासियों और कुछ इतिहासकारों का दावा है कि यह एक मुगल-युग की सुरंग है, जो संभवतः जनता हमाम से जुड़ी हुई है। नगर पालिका ने शुरुआत में इस सिंकहोल को भरने की कोशिश की, लेकिन जमीन का धंसना जारी रहा, जिससे यह संकेत मिला कि नीचे कोई बड़ी खाली जगह या संरचना मौजूद हो सकती है।
जांच की मांग:
इस सिंकहोल की जांच की मांग के कई कारण हैं:
- लगातार धंसना: जमीन का बार-बार धंसना इसकी अस्थिरता को उजागर करता है और यह किसी संभावित भूमिगत संरचना का संकेत देता है।
- स्थानीय ध्यान: इसकी रहस्यमय उपस्थिति और ऐतिहासिक कलाकृति होने की संभावना के कारण इसने स्थानीय लोगों का ध्यान आकर्षित किया है।
- पुरातत्व महत्व: विशेषज्ञों ने इसके पुरातत्व महत्व पर जोर दिया है, और पुरातत्व विभाग से स्थल की जांच करने की अपील की है ताकि इसके इतिहास की पुष्टि हो सके और आगे की क्षति को रोका जा सके।
जनता हमाम क्या है?
जनता हमाम (सार्वजनिक स्नानागार) बुरहानपुर में एक ऐतिहासिक संरचना है। इसका निर्माण मुगल काल के दौरान हुआ था, जो इस दावे को और भी दिलचस्प बनाता है कि सिंकहोल इसी युग की एक सुरंग हो सकती है। अगर यह दावा सही साबित होता है तो यह खोज बुरहानपुर के इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ सकती है।
