By: Ravindra Sikarwar
भोपाल: राजधानी में अपराधी अब खुलेआम चुनौती दे रहे हैं। रविवार देर रात बैरागढ़ कला की महाकाल कॉलोनी में उस वक्त हड़कंप मच गया जब एक नकाबपोश युवक ने घर के बाहर खड़ी दो महंगी कारों को आग के हवाले कर दिया। कुछ ही मिनटों में लाखों रुपए की दोनों गाड़ियां जलकर राख हो गईं। सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि बदमाश ने यह वारदात बेखौफ होकर अंजाम दी और पूरी घटना कॉलोनी के मुख्य गेट पर लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई।
घटना रात करीब 2:45 बजे की है। सीसीटीवी फुटेज में साफ दिख रहा है कि एक पतला-दुबला युवक, जिसने मुंह पर कपड़ा बांध रखा था और सिर पर हुडी लगाई हुई थी, हाथ में प्लास्टिक की बोतल लिए धीरे-धीरे कॉलोनी के अंदर घुसता है। वह कुछ देर इधर-उधर देखता है, फिर सीधे उस मकान के सामने पहुंचता है जहां दो कारें (एक सफेद हुंडई क्रेटा और एक काली टोयोटा फॉर्च्यूनर) खड़ी थीं। उसने पहले क्रेटा के नीचे बोतल से कोई ज्वलनशील पदार्थ डाला, माचिस जलाकर फेंका और फिर फॉर्च्यूनर के साथ भी यही किया। आग लगते ही लपटें उठने लगीं और महज 30 सेकंड में वह अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया।

आग की लपटें इतनी तेज थीं कि दोनों कारों का इंटीरियर पूरी तरह जल गया। शीशे फट गए, टायर पिघल गए और धुएं का गुबार पूरे मोहल्ले में फैल गया। आसपास के लोग नींद से जागे तो देखा कि दो गाड़ियां धूं-धूं कर जल रही हैं। कॉलोनी वासियों ने तुरंत फायर ब्रिगेड को सूचना दी, लेकिन तब तक काफी नुकसान हो चुका था। दमकल की दो गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया।
कार मालिक संजय वर्मा (व्यवसायी) और उनके भाई अजय वर्मा ने बताया कि दोनों गाड़ियां मिलाकर करीब 55-60 लाख रुपए की थीं। संजय ने बताया, “हमारे परिवार में कोई दुश्मनी नहीं है। न कोई धमकी मिली थी, न कोई झगड़ा। अचानक यह सब हो गया। हम समझ ही नहीं पा रहे कि कोई हमारी गाड़ियां क्यों जलाएगा।” परिवार ने शक जताया कि शायद कोई पुरानी रंजिश या फिर कोई मानसिक रूप से बीमार व्यक्ति भी हो सकता है।
पुलिस ने तुरंत बैरागढ़ थाने में मामला दर्ज कर लिया है। प्राथमिक जांच में धारा 435 (आग लगाकर नुकसान पहुंचाना) और 427 (उपद्रव करना) के तहत केस दर्ज किया गया है। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पुलिस ने आरोपी की तलाश तेज कर दी है। बैरागढ़ टीआई राकेश यादव ने बताया, “फुटेज में शख्स साफ दिख रहा है। हमने कई टीम गठित कर दी हैं। उसकी बॉडी लैंग्वेज और चलने के तरीके से लगता है कि वह लोकल ही है। जल्द ही उसे पकड़ लिया जाएगा।”
कॉलोनी के लोग दहशत में हैं। वहां रहने वाले एक बुजुर्ग ने कहा, “रात को कोई सोच भी नहीं सकता कि कोई घर के ठीक सामने आकर गाड़ी जला देगा। अगर वह घर में घुस जाता तो क्या होता? अब रात को कोई चैन से सो भी नहीं पाएगा।” लोगों ने मांग की है कि कॉलोनी के बाहर और अंदर ज्यादा सीसीटीवी लगाए जाएं और रात में गश्त बढ़ाई जाए।
पिछले कुछ महीनों में बैरागढ़ इलाके में वाहन चोरी और तोड़फोड़ की घटनाएं बढ़ी हैं, लेकिन इतनी बड़ी और खतरनाक वारदात पहली बार हुई है। स्थानीय पार्षद ने भी पुलिस अधीक्षक से मुलाकात कर इलाके में विशेष नाकाबंदी और चौकसी बढ़ाने की मांग की है।
फिलहाल पुलिस फुटेज को आधार बनाकर आसपास के सभी संदिग्धों की छानबीन कर रही है। मोबाइल लोकेशन, पुराने केसों के आरोपियों की लिस्ट और नशेड़ियों की धरपकड़ भी शुरू कर दी गई है। कॉलोनी वासियों की सांस तब तक अटकी रहेगी जब तक वह हुडी वाला बदमाश पुलिस की गिरफ्त में नहीं आ जाता।
यह घटना एक बार फिर शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर रही है। जब घर के ठीक सामने कोई बेखौफ होकर आगजनी कर सकता है, तो आम नागरिक कैसे खुद को सुरक्षित महसूस करेगा?
