by-Ravindra Sikarwar
बैंक ने शहरी और मेट्रो ग्राहकों के लिए मासिक औसत बैलेंस (MAB) में भारी कटौती की घोषणा की है। अब मेट्रो और शहरी ग्राहकों को ₹50,000 की जगह केवल ₹15,000 का MAB बनाए रखना होगा। यह बदलाव ग्राहकों के लिए एक बड़ी राहत के रूप में आया है।
विभिन्न क्षेत्रों के लिए नई सीमाएँ:
यह कटौती केवल शहरी क्षेत्रों तक ही सीमित नहीं है, बल्कि इसका विस्तार अर्ध-शहरी और ग्रामीण शाखाओं तक भी किया गया है।
- शहरी और मेट्रो क्षेत्र: पहले ₹50,000 की जगह अब ₹15,000
- अर्ध-शहरी क्षेत्र: पहले ₹15,000 की जगह अब ₹7,500
- ग्रामीण क्षेत्र: पहले ₹5,000 की जगह अब ₹2,500
MAB क्या है और यह क्यों महत्वपूर्ण है?
मासिक औसत बैलेंस (MAB) वह न्यूनतम राशि होती है जो एक ग्राहक को अपने बचत खाते में पूरे महीने रखनी होती है। यदि कोई ग्राहक इस न्यूनतम राशि को बनाए रखने में विफल रहता है, तो बैंक उस पर जुर्माना लगा सकता है।
ग्राहकों पर प्रभाव:
इस फैसले से लाखों ग्राहकों को फायदा होगा, जिन्हें अब अपने खातों में बड़ी राशि रखने की चिंता नहीं करनी पड़ेगी। इससे उन लोगों को विशेष रूप से राहत मिलेगी जो पहले मेट्रो और शहरी क्षेत्रों में ₹50,000 के MAB के कारण अपने बचत खातों में अतिरिक्त राशि रखने के लिए मजबूर थे।
यह कदम बैंकों को अधिक ग्राहकों को आकर्षित करने में भी मदद कर सकता है, खासकर उन छोटे निवेशकों और सैलरी पाने वालों को जो उच्च MAB आवश्यकताओं के कारण बचत खाते खोलने से हिचकिचाते थे।
