by-Ravindra Sikarwar
बेंगलुरु: कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु के जेपी नगर इलाके में एक छोटी सी सड़क दुर्घटना ने खूनी खेल ले लिया। एक मार्शल आर्ट्स ट्रेनर और उनकी पत्नी ने कथित तौर पर फूड डिलीवरी एजेंट की स्कूटर से मामूली टक्कर के बाद उसे पीछा किया और अपनी कार से कुचलकर मार डाला। घटना 25 अक्टूबर 2025 की रात करीब 9 बजे नटराज लेआउट के पास हुई, जब पीड़ित एक ऑर्डर डिलीवर करने में जल्दबाजी में था। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज के आधार पर दंपति को हत्या के आरोप में गिरफ्तार कर लिया है। दोनों को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। यह मामला सड़क सुरक्षा और गुस्से के प्रकोप को लेकर गंभीर बहस छेड़ रहा है।
घटना का पूरा घटनाक्रम: छोटी चिंगारी से भड़का आग का गोला
पीड़ित दर्शन (24 वर्ष), केंबट्टाहल्ली का निवासी, एक लोकप्रिय फूड डिलीवरी कंपनी के लिए काम करता था। वह अविवाहित था और अपने माता-पिता व बहन के साथ रहता था। 25 अक्टूबर की शाम को वह अपने दोस्त वरुण (पिलियन राइडर) के साथ एक पैकेज डिलीवर करने जा रहा था। रास्ते में उसकी स्कूटर का हैंडल आरोपी दंपति की कार के साइड मिरर से रगड़ गया, जिससे मिरर हल्का सा क्षतिग्रस्त हो गया। दर्शन ने तुरंत माफी मांगी और आगे बढ़ गया, लेकिन आरोपी दंपति गुस्से में आ गया।
- पीछा और हमला: दर्शन के जाते ही दंपति ने अपनी कार को रिवर्स किया और स्कूटर का पीछा किया। सीसीटीवी फुटेज में साफ दिख रहा है कि कार ने जानबूझकर स्कूटर को पीछे से टक्कर मारी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि दर्शन की स्कूटर पलट गई और वह सड़क पर गिर पड़ा। कार ने फिर उसे कुचल दिया, जिससे दर्शन की मौके पर ही मौत हो गई। वरुण को गंभीर चोटें आईं, जिन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया।
- दूरी और रास्ता: घटना स्थल श्री राम मंदिर क्षेत्र के पास जेपी नगर में हुआ, जहां से दंपति ने स्कूटर का करीब 2 किलोमीटर पीछा किया। पुलिस के अनुसार, यह पूरी तरह पूर्वनियोजित हमला था, न कि कोई दुर्घटना।
- साक्ष्य का खुलासा: शुरुआत में दर्शन की बहन ने जेपी नगर ट्रैफिक पुलिस में हिट-एंड-रन की शिकायत दर्ज कराई। लेकिन सीसीटीवी जांच में पता चला कि यह हादसा नहीं, बल्कि हत्या का प्रयास था। फुटेज में कार का अचानक टर्न लेकर स्कूटर पर हमला करना साफ नजर आ रहा है।
आरोपी दंपति: कौन हैं ये लोग?
- मनोज कुमार (32 वर्ष): केरल मूल के कलरिपयट्टू (प्राचीन मार्शल आर्ट्स) प्रशिक्षक। वह बेंगलुरु में कई वर्षों से रह रहे हैं और स्थानीय स्तर पर ट्रेनिंग सेंटर चलाते हैं।
- आरती शर्मा (30 वर्ष): जम्मू-कश्मीर की रहने वाली। दंपति की शादी को 5 वर्ष हो चुके हैं। पुलिस का कहना है कि मनोज ही कार चला रहा था, लेकिन आरती ने भी पूरी घटना में साथ दिया।
दोनों ने पूछताछ में अपना जुर्म कबूल लिया। पुलिस ने दावा किया कि दंपति ने घटना को सड़क हादसे के रूप में छिपाने की कोशिश की, लेकिन सबूतों ने उन्हें फंसा दिया।
अपराध स्थल पर लौटना: सबूत मिटाने की कोशिश जो उल्टी पड़ी
घटना के करीब 40 मिनट बाद, यानी रात 9:40 बजे, दंपति मास्क पहनकर अपराध स्थल पर लौट आए। उन्होंने अपनी कार को थोड़ी दूरी पर पार्क किया और टक्कर के दौरान टूटे हुए पार्ट्स (जैसे मिरर के टुकड़े) इकट्ठा करने लगे। यह कोशिश सबूत नष्ट करने की थी, लेकिन वही सीसीटीवी कैमरों ने उनके चेहरे कैद कर लिए। इस गलती ने पुलिस को आरोपी तक पहुंचने में मदद की। डीसीपी (साउथ) लोकेश जगलासर ने कहा, “फुटेज ने साबित कर दिया कि यह जानबूझकर किया गया कृत्य था।”
पुलिस कार्रवाई: FIR से गिरफ्तारी तक
| चरण | तारीख/विवरण | कार्रवाई |
| शिकायत दर्ज | 25 अक्टूबर रात | हिट-एंड-रन के रूप में जेपी नगर ट्रैफिक पुलिस में। |
| सीसीटीवी जांच | 26-27 अक्टूबर | पुट्टेनहल्ली पुलिस को सौंपा गया, हत्या का केस दर्ज (IPC धारा 302 – हत्या, 307 – हत्या का प्रयास)। |
| गिरफ्तारी | 28 अक्टूबर | मनोज व आरती को हिरासत में लिया, वाहन जब्त। |
| कोर्ट | 29 अक्टूबर | 14 दिनों की न्यायिक हिरासत। वरुण का बयान लिया गया। |
पुलिस अब दंपति के मोबाइल रिकॉर्ड्स और अन्य सीसीटीवी चेक कर रही है। वरुण की हालत स्थिर है, और वह गवाह बनेगा।
पीड़ित परिवार का दर्द: न्याय की गुहार
दर्शन के परिवार वाले सदमे में हैं। उसके पिता ने कहा, “वह घर का इकलौता कमाने वाला था। एक छोटी गलती पर किसी की जान लेना पाशविकता है।” बहन ने पुलिस से सख्त सजा की मांग की। फूड डिलीवरी कंपनियों ने शोक व्यक्त किया और परिवार को सहायता का वादा किया। दर्शन शूटिंग में रुचि रखता था और भविष्य में इसमें करियर बनाना चाहता था।
सामाजिक प्रभाव: सड़क क्रोध पर बहस तेज
यह घटना बेंगलुरु में बढ़ते रोड रेज मामलों की याद दिलाती है। पिछले साल शहर में 344 ट्रैफिक मौतें हुईं, जिनमें से कई गुस्से से उपजीं। विशेषज्ञों का कहना है कि ट्रैफिक जागरूकता कैंपेन और सख्त कानून जरूरी हैं। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने से लोग #JusticeForDarshan ट्रेंड कर रहे हैं। कलरिपयट्टू कम्युनिटी ने मनोज की कार्रवाई की निंदा की।
