by-Ravindra Sikarwar
दुबई: आईपीएल 2025 के क्वालीफायर-2 मैच में चेन्नई सुपर किंग्स (सीएसके) ने मुंबई इंडियंस (एमआई) को रोमांचक मुकाबले में 4 रनों से हराकर फाइनल में जगह बना ली। मैच के अंतिम ओवर में सीएसके के तेज गेंदबाज दीपक चाहर ने नो-बॉल पर छक्का खाने के बाद शानदार वापसी करते हुए आखिरी गेंद पर विकेट ले लिया, जिससे एमआई का लक्ष्य 5 रनों से चूक गया। लेकिन विकेट गिरते ही चाहर मैदान पर ही धड़ाम से गिर पड़े। दर्शक और टीम साथी घबरा गए, लेकिन यह थकान और भावुकता का नतीजा था। चाहर ने बाद में कहा कि यह उनके करियर का सबसे यादगार पल था, लेकिन शरीर ने साथ देना बंद कर दिया। यह घटना क्रिकेट प्रेमियों के बीच वायरल हो गई और चाहर की मेहनत की मिसाल बनी।
मैच का रोमांचक विवरण:
आईपीएल 2025 का यह क्वालीफायर-2 मैच दुबई इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में खेला गया, जहां सीएसके ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवरों में 7 विकेट खोकर 178 रन बनाए। एमआई को जीत के लिए 179 रनों का लक्ष्य मिला, जो अंतिम ओवर में 7 रनों से शुरू हुआ। दीपक चाहर को अंतिम ओवर सौंपा गया, जो उनके पूरे टूर्नामेंट में सबसे चुनौतीपूर्ण साबित हुआ।
ओवर की पहली गेंद पर एमआई के हार्दिक पांड्या ने आक्रामक शॉट खेला, लेकिन चाहर ने सटीक यॉर्कर फेंकी जो पांड्या के बल्ले से टकराकर विकेटकीपर के पास चली गई। दूसरी गेंद पर टिम डेविड ने स्वीप शॉट खेला, लेकिन यह सिंगल ही रहा। तीसरी गेंद पर डेविड ने फिर से आक्रमण किया, लेकिन चाहर की धीमी गेंद ने उन्हें चकमा दे दिया—डेविड ने हवा में शॉट खेला जो मिड-ऑन पर रुतुराज गायकवाड़ के हाथों में समा गया। स्कोरकार्ड पर एमआई को अब 5 रन चाहिए थे 3 गेंदों में।
चौथी गेंद पर रोहित शर्मा ने सिंगल लिया, जिससे स्ट्राइक पांड्या के पास लौट आई। लेकिन पांचवीं गेंद नो-बॉल साबित हुई—चाहर ने फुल टॉस फेंकी, जिस पर पांड्या ने आसानी से छक्का जड़ दिया। अब एमआई को जीत के लिए 5 रन चाहिए थे आखिरी वैध गेंद पर, और मैदान पर तनाव चरम पर था। चाहर ने दबाव में गहरी सांस ली, रन-अप लिया और यॉर्कर फेंकी जो पांड्या के पैड पर लगी। अंपायर ने एलबीडब्ल्यू का फैसला दिया, जो डीआरएस पर बरकरार रहा। एमआई 174 पर सिमट गई, और सीएसके ने 4 रनों से जीत हासिल की।
चाहर का गिरना और तत्काल प्रतिक्रिया:
विकेट गिरते ही चाहर ने हाथ ऊपर उठाए, लेकिन अगले ही पल उनके पैर लड़खड़ा गए और वे घुटनों के बल मैदान पर गिर पड़े। टीम साथी रुतुराज गायकवाड़, रवींद्र जडेजा और एमएस धोनी दौड़े आए। धोनी ने चाहर को सहारा दिया, जबकि फिजियो तुरंत मैदान में पहुंचे। दर्शकों ने सांस रोक ली, सोचते हुए कि कहीं चोट तो नहीं लगी। लेकिन चाहर ने मुस्कुराते हुए कहा, “सब ठीक है, बस थकान है।” वीडियो में साफ दिखा कि चाहर की आंखों में आंसू थे—यह जीत की खुशी और पूरे सीजन की मेहनत का भावुक मेल था।
चाहर ने मैच के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया, “वह नो-बॉल मेरी गलती थी, लेकिन आखिरी गेंद पर सब कुछ दांव पर था। गिरना अनियोजित था; शरीर ने हार मान ली। लेकिन यह पल हमेशा याद रहेगा।” एमएस धोनी ने चाहर की तारीफ की: “दीपक ने दबाव में कमाल किया। वह हमारी गेंदबाजी की रीढ़ हैं।” सोशल मीडिया पर फैंस ने #DeepakHero ट्रेंड चलाया, जहां चाहर को ‘मैच का सितारा’ कहा गया।
दीपक चाहर का सफर और प्रदर्शन:
दीपक चाहर, 32 वर्षीय राजस्थान के इस तेज गेंदबाज ने आईपीएल 2025 में शानदार फॉर्म दिखाया। सीएसके के लिए खेलते हुए उन्होंने 14 मैचों में 18 विकेट लिए, जिसमें पावरप्ले में 8 विकेट शामिल थे। चाहर ने टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा डेथ ओवर विकेट (7) झटके, जो उनकी सटीकता दर्शाता है। उनका इकोनॉमी रेट 7.8 रहा, जो सीमित ओवर क्रिकेट में उनकी विश्वसनीयता को रेखांकित करता है।
चाहर का करियर उतार-चढ़ाव भरा रहा है। 2018 में डेब्यू करने के बाद चोटों ने उन्हें परेशान किया, लेकिन 2025 में उन्होंने कमबैक किया। इस मैच से पहले, चाहर ने लीग स्टेज में एमआई के खिलाफ 2 विकेट लिए थे। उनकी यॉर्कर और स्लोअर बॉल ने कई बल्लेबाजों को परेशान किया। चाहर ने कहा, “मैंने पूरे ओवर में 150 किमी/घंटा की रफ्तार से गेंदबाजी की, जो थकान का कारण बनी।” उनके पिता लोकेंद्र सिंह चाहर, जो खुद पूर्व क्रिकेटर हैं, ने बेटे की उपलब्धि पर गर्व जताया।
मैच की पृष्ठभूमि और प्रभाव:
यह मैच आईपीएल 2025 का निर्णायक मुकाबला था, जहां सीएसके ने पहले क्वालीफायर में हारने के बाद वापसी की। एमआई की ओर से हार्दिक पांड्या ने 42 रन बनाए, जबकि रोहित शर्मा ने 35 रनों की उपयोगी पारी खेली। सीएसके की बल्लेबाजी में रुतुराज गायकवाड़ (48) और शिवम दुबे (32) ने योगदान दिया। जीत के साथ सीएसके फाइनल में पहुंची, जहां उन्हें कोलकाता नाइट राइडर्स का सामना करना है।
यह घटना क्रिकेट में फिटनेस और मानसिक दृढ़ता की अहमियत को उजागर करती है। विशेषज्ञों ने कहा कि चाहर जैसी घटनाएं गेंदबाजों के बोझ को दर्शाती हैं, और आईपीएल को डेथ बॉलिंग में रोटेशन पर विचार करना चाहिए। चाहर को अब आराम दिया गया है, और वे फाइनल के लिए तैयार हैं। यह पल न केवल सीएसके के लिए, बल्कि पूरे क्रिकेट जगत के लिए प्रेरणा स्रोत बन गया।
