by-Ravindra Sikarwar
भोपाल: मध्य प्रदेश के आगर मालवा जिले में एक दुखद घटना घटी, जहां एक 45 वर्षीय कर्मचारी की दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई। यह हादसा सोमवार को सुसनेर स्थित तिरुपति ट्रेडर्स नामक दुकान पर हुआ। कर्मचारी की मौत के समय उसका मालिक कुछ ही फीट की दूरी पर बैठा हुआ था, लेकिन वह मदद करने की बजाय अपना मोबाइल फोन चलाता रहा।
पीड़ित का नाम रफीक खान था, जो दुकान पर काम करता था। अचानक उसके सीने में दर्द हुआ और वह अपनी कुर्सी पर ही गिर पड़ा। लगभग छह मिनट तक वह सांस लेने में संघर्ष करता रहा और दर्द से तड़पता रहा। लेकिन दुकान में मौजूद लोग, जिसमें मालिक भी शामिल था, किसी ने भी उसकी सहायता नहीं की।
घटना का सीसीटीवी फुटेज सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। वीडियो में साफ दिखाई देता है कि रफीक सांस के लिए जूझ रहा है, जबकि मालिक कभी-कभी उसकी ओर देखता है लेकिन फोन इस्तेमाल करना नहीं छोड़ता। पूरे वीडियो में मालिक एक बार भी अपनी जगह से नहीं उठा और न ही पीड़ित को कोई मदद पहुंचाने की कोशिश की।
जब तक रफीक को अस्पताल ले जाया गया, तब तक डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पीड़ित के परिवार वाले इस घटना से बेहद दुखी और गुस्से में हैं। उन्होंने सुसनेर पुलिस स्टेशन पर पहुंचकर न्याय की मांग की। उनके साथ सैकड़ों स्थानीय लोग भी इकट्ठा हो गए, जो इस हादसे को सिर्फ दुर्घटना नहीं बल्कि लापरवाही और मानवता की कमी से हुई मौत मानते हैं।
परिवार का आरोप है कि दुकान के मालिक और उसके बेटे ने रफीक से उसकी क्षमता से ज्यादा भारी सामान उठवाया, जिससे दिल का दौरा पड़ा। पीड़ित के एक रिश्तेदार ने एनडीटीवी से बातचीत में कहा, “वह दर्द से चिल्ला रहा था और मदद मांग रहा था। लेकिन अस्पताल ले जाने की बजाय, उन्होंने बाकी लोगों को काम जारी रखने को कहा। हमें रफीक के लिए न्याय चाहिए। मालिक अपनी कुर्सी से भी नहीं उठा।”
पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
