Dhirendra Krishna Shastri Apology:पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने अपने बयान पर सफाई देते हुए कहा कि उनकी बातों का गलत अर्थ निकाला गया। उन्होंने कहा कि यह पूरी बात केवल प्रेम और विनोद के भाव में कही गई थी। वीडियो का केवल एक हिस्सा शेयर किए जाने की वजह से उन्हें ‘कृष्ण विरोधी’ घोषित करने की कोशिश की गई, जबकि वे खुद ठाकुर जी के अनन्य भक्त हैं।
उन्होंने आगे कहा कि यदि उनके शब्दों से किसी के मन को ठेस पहुंची है, तो वे इसके लिए हाथ जोड़कर और विनयी भाव से क्षमा प्रार्थी हैं। उन्होंने पहले एक वीडियो जारी कर माफी मांगी और बाद में कथा के दौरान व्यास गद्दी से भी लाखों भक्तों के सामने दोबारा क्षमा मांगी।
जोश में कही गई बात पर स्पष्टीकरण
Dhirendra Krishna Shastri Apology:बाबा बागेश्वर ने अपनी गलती स्वीकार करते हुए कहा कि कई बार वे जोश और भाव-भाव में कुछ ऐसा कह जाते हैं, जो नहीं कहना चाहिए था। उन्होंने कहा:
“हमने तो बस इतना कह दिया था कि ठाकुर जी टेढ़े हैं और रामजी सीधे हैं, लेकिन इतने भर से लोगों ने लिखना शुरू कर दिया कि बाबा कृष्ण विरोधी हैं। महापुरुषों, ऐसा मत करो। हमारा इंटेंशन किसी के विरोध में नहीं था।”
उन्होंने संतों और ब्रज की परंपरा का हवाला देते हुए कहा कि जिस तरह संत महात्माओं ने प्राचीनकाल में भाव-विभोर होकर उलाहने दिए हैं, उनका संदर्भ भी कुछ वैसा ही था। उन्होंने अपील की कि उनकी बातों का ‘अर्थ का अनर्थ’ न निकाला जाए क्योंकि राम और कृष्ण एक ही हैं, उनमें कोई अंतर नहीं है।
विरोधियों पर साधा निशाना
Dhirendra Krishna Shastri Apology:सफाई देने के साथ ही धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने अपने आलोचकों और विरोधियों पर भी जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि आज के समय में सोशल मीडिया पर फेमस होने का एक नया ट्रेंड चल गया है—यदि आपको प्रसिद्ध होना है, तो बाबा बागेश्वर का विरोध शुरू कर दीजिए। उन्होंने कहा कि आलोचक जरा सा भी मौका मिलते ही नई कंट्रोवर्सी बनाने से पीछे नहीं हटते।

