MP School InfrastructureMP School Infrastructure
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रिपोर्टर: मयंक गुप्‍ता

MP School Infrastructure : मध्य प्रदेश सरकार प्रदेश की स्कूली शिक्षा व्यवस्था और आधारभूत ढांचे को सुदृढ़ करने के लिए एक बड़ा कदम उठाने जा रही है। राज्य के जर्जर हो चुके शासकीय विद्यालयों के जीर्णोद्धार और पुनरुद्धार के लिए सरकार की ओर से ₹2,800 करोड़ की राशि एक साथ स्वीकृत की जा रही है। इस निर्णय से प्रदेश की स्कूली शिक्षा प्रणाली में बड़े स्तर पर सकारात्मक और आमूल-चूल बदलाव देखने को मिलेंगे।

ग्वालियर में आयोजित संभागीय समीक्षा बैठक

MP School Infrastructure मध्य प्रदेश शासन के स्कूल शिक्षा एवं परिवहन मंत्री राव उदय प्रताप सिंह ने एक दिवसीय ग्वालियर प्रवास के दौरान शिक्षा विभाग की उच्चस्तरीय संभागीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक में संभागायुक्त मनोज खत्री, लोक शिक्षण के संयुक्त संचालक हरिओम चतुर्वेदी सहित संभाग के सभी जिलों के जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) उपस्थित रहे, जहां विभागीय योजनाओं की प्रगति पर विस्तृत चर्चा की गई।

सांदीपनि स्कूलों के शीघ्र संचालन और हैंडओवर के निर्देश

MP School Infrastructure समीक्षा के बाद पत्रकारों से चर्चा करते हुए शिक्षा मंत्री ने बताया कि विभिन्न जिलों में स्वीकृत सांदीपनि स्कूलों में से कई ऐसे हैं जो बीते 3-4 वर्षों से तकनीकी या छोटी-मोटी कमियों के कारण हैंडओवर नहीं हो पाए हैं। सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है कि इन अड़चनों को दूर कर सांदीपनि स्कूलों का जल्द से जल्द हस्तांतरण कराकर उनका विधिवत संचालन शुरू कराया जाए, ताकि छात्रों को आधुनिक सुविधाओं का लाभ मिल सके।

नए मॉडल और रीकंस्ट्रक्शन तकनीक पर जोर

MP School Infrastructure स्कूली भवनों के निर्माण और पुननिर्माण को लेकर मंत्री ने स्पष्ट किया कि अत्यधिक जगह वाले स्कूलों में रीकंस्ट्रक्शन के जरिए लागत कम करने के प्रयास किए जा रहे हैं। भवनों की क्षमता बढ़ाने के लिए ‘ग्राउंड प्लस 2’ की जगह ‘ग्राउंड प्लस 4’ संरचना तैयार करने तथा छत के वजन को घटाने के लिए स्लैब की जगह फॉल्स रूफ लगाने जैसी नई योजनाओं पर तकनीकी विशेषज्ञों से परामर्श किया गया है। इसके साथ ही सरकार स्कूलों के नियमित रखरखाव की स्थायी व्यवस्था बनाने के लिए भी पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

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