By: Ishu Kumar
Nawada : जिले के लिए एक अत्यंत दुखद समाचार सामने आया है। जिले की जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुश्री सोनी शिल्पी के निधन से पूरे जिले में शोक का माहौल व्याप्त हो गया है। उनके असामयिक निधन की सूचना मिलते ही न्यायिक क्षेत्र से जुड़े अधिकारी, अधिवक्ता, प्रशासनिक पदाधिकारी और आम नागरिक गहरे दुःख में डूब गए। न्यायालय परिसर सहित पूरे जिले में उनकी सेवाओं को याद करते हुए शोक संवेदनाएं व्यक्त की जा रही हैं।
Nawada कर्तव्यनिष्ठ और न्यायप्रिय न्यायाधीश के रूप में थी विशिष्ट पहचान
सुश्री सोनी शिल्पी को एक ईमानदार, अनुशासित और न्याय के प्रति पूर्णतः समर्पित न्यायाधीश के रूप में जाना जाता था। अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण और संवेदनशील मामलों की सुनवाई की, जिनमें निष्पक्षता और मानवीय दृष्टिकोण साफ झलकता था। अधिवक्ताओं और न्यायालय कर्मियों के अनुसार, उनकी कार्यशैली में स्पष्टता, समयबद्धता और अनुशासन का विशेष महत्व था। वे न केवल कानून की गहरी समझ रखती थीं, बल्कि न्यायालय आने वाले आम लोगों की समस्याओं को भी संवेदनशीलता से सुनती थीं। इसी कारण उन्होंने न्याय व्यवस्था के प्रति लोगों का भरोसा और अधिक मजबूत किया।
Nawada न्यायालय में शोकसभा, दी गई भावभीनी श्रद्धांजलि
उनके निधन की सूचना मिलते ही जिला न्यायालय परिसर में शोकसभा का आयोजन किया गया। इस दौरान न्यायिक अधिकारियों, अधिवक्ताओं और न्यायालय कर्मियों ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत न्यायाधीश को श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके अलावा जिले के वरीय प्रशासनिक अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और सामाजिक संगठनों ने भी उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया। सभी ने उनके व्यक्तित्व और कार्यों को याद करते हुए उन्हें एक आदर्श न्यायाधीश बताया।

न्यायिक सेवा के लिए अपूरणीय क्षति
सुश्री सोनी शिल्पी का निधन न्यायिक सेवा के लिए एक बड़ी और अपूरणीय क्षति माना जा रहा है। उनके योगदान और सेवाओं को लंबे समय तक याद किया जाएगा। जिले के लोगों ने ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शांति और शोक संतप्त परिवार को इस कठिन समय में संबल प्रदान करने की प्रार्थना की है।
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