Bhopal newsBhopal news
Spread the love

By: Ravindra Sikarwar

Bhopal news: सरकारी जेपी अस्पताल में दवाओं की गुणवत्ता को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। कुछ समय पहले फफूंद मिलने की शिकायत के बाद अब एक सीलबंद माउथ वॉश की बोतल के अंदर कीड़ा पाए जाने की घटना ने मरीजों में आक्रोश और चिंता पैदा कर दी है।

घटना का विवरण

मामला तब सामने आया जब गले में खराश की शिकायत लेकर अस्पताल पहुंचे एक मरीज ने मेडिकल स्टोर से माउथ वॉश खरीदा। बोतल खोलते ही मरीज ने अंदर एक कीड़ा तैरते हुए और गंदगी देखी। यह देखकर वह हैरान रह गया और तुरंत इसकी जानकारी मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) डॉ. मनीष शर्मा को दी।

यूथ कांग्रेस का तीखा विरोध

इस घटना पर यूथ कांग्रेस ने अस्पताल प्रशासन की कड़ी आलोचना की है। कांग्रेस नेता आशुतोष चौकसे और उमंग सिंधार ने कहा कि अस्पताल में बार-बार ऐसी लापरवाही गरीब और जरूरतमंद मरीजों के लिए जानलेवा साबित हो सकती है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि दवाएं ही दूषित होंगी, तो मरीजों की बीमारी कम होने के बजाय और बढ़ सकती है। नेताओं ने मांग की कि ऐसी घटनाओं पर तत्काल रोक लगाई जाए और मरीजों का भरोसा बहाल किया जाए।

प्रारंभिक जांच में सामने आई कमियां

स्वास्थ्य विभाग की प्रारंभिक जांच में पाया गया है कि अस्पताल के स्टोर रूम में नमी की अधिकता और सफाई की कमी के कारण दवाओं की गुणवत्ता प्रभावित हो रही है। इसी वजह से फफूंद और कीड़ों के मिलने की घटनाएं बढ़ती जा रही हैं।

जांच समिति का गठन और सख्त कार्रवाई की चेतावनी

मामले की गंभीरता को देखते हुए सीएमएचओ डॉ. मनीष शर्मा ने तत्काल एक उच्च स्तरीय जांच समिति का गठन किया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच पूरी होने के बाद दोषी पाए जाने वाले किसी भी कर्मचारी या अधिकारी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। 

इसके अलावा, अस्पताल में दवाओं के उचित भंडारण, गुणवत्ता जांच और नियमित निगरानी के लिए एक विशेष समिति भी बनाई जाएगी, ताकि भविष्य में ऐसी अनदेखी दोबारा न हो।

यह घटना जेपी अस्पताल में दवाओं की गुणवत्ता और भंडारण व्यवस्था पर एक बार फिर सवाल खड़ा करती है, जिसका समाधान जल्द से जल्द किया जाना आवश्यक है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *