By: Ravindra Sikarwar
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से एक बेहद विचित्र और चौंकाने वाली चोरी की घटना सामने आई है। कोलार थाना क्षेत्र की पुलिस ने एक ऐसे युवक को गिरफ्तार किया है, जो रात के अंधेरे में घरों में घुसकर केवल महिलाओं के अंतर्वस्त्र (अंडरगारमेंट्स) चुराता था और उन्हें खुद पहनकर घूमता था। इस मामले ने न केवल स्थानीय लोगों को हैरान कर दिया है, बल्कि सोशल मीडिया पर भी खूब चर्चा बटोर रहा है। गिरफ्तारी के दौरान का वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें आरोपी की हरकतें साफ दिख रही हैं।
यह घटना 30 दिसंबर 2025 की रात की है, जब आरोपी अमरनाथ कॉलोनी में एक डेयरी चलाने वाले व्यक्ति के घर में घुसा। घर मालिक के अनुसार, रात करीब साढ़े बारह बजे बालकनी में किसी की परछाई दिखी। उन्होंने शोर मचाया और गेट खोला, तो आरोपी अंतर्वस्त्र लेकर भागने लगा। भागते समय उसकी जेब से एक श्रमिक कार्ड गिर गया, जिसमें दीपेश नाम दर्ज था। यह कार्ड पुलिस के लिए अहम सुराग साबित हुआ।
अगले दिन दोपहर में कोलार पुलिस ने इस सुराग के आधार पर दीपेश को उसके घर से हिरासत में लिया। सबसे हैरान करने वाली बात यह थी कि गिरफ्तारी के समय दीपेश सो रहा था और उसने चोरी किए गए अंतर्वस्त्र ही पहन रखे थे। पुलिस ने जब उसे जगाया और तलाशी ली, तो यह खुलासा हुआ। स्थानीय महिलाओं ने भी घटनास्थल पर पहुंचकर वीडियो बनाए, जो अब सोशल मीडिया पर तेजी से फैल रहे हैं। इन वीडियोज में आरोपी को चोरी के कपड़े पहने देखा जा सकता है, जिससे इलाके में सनसनी फैल गई।
पीड़ित परिवार ने पुलिस को बताया कि दीपेश इससे पहले मंदाकिनी कॉलोनी में भी एक घर को निशाना बना चुका था। वहां से चुराए गए कुछ अंतर्वस्त्र भागते समय अमरनाथ कॉलोनी वाले घर में छूट गए थे, जिन्हें पुलिस को सौंप दिया गया। पुलिस जांच में पता चला कि आरोपी अलग-अलग इलाकों में ऐसी वारदातों को अंजाम देता था। उसका तरीका रात में चुपके से बालकनी या छत पर चढ़कर सूखे कपड़ों में से केवल महिलाओं के अंतर्वस्त्र चुनना था।
मनोवैज्ञानिकों की राय: मानसिक विकार की संभावना
इस तरह की असामान्य हरकतों पर मनोविज्ञान विशेषज्ञों ने गंभीर चिंता जताई है। विशेषज्ञों के मुताबिक, ऐसे व्यवहार फेटिशिज्म (किसी विशेष वस्तु से यौन संतुष्टि प्राप्त करना) या वैंडलिज्म जैसी मानसिक बीमारियों के संकेत हो सकते हैं। आरोपी के मन में महिलाओं के प्रति कोई गहरा गुस्सा, नकारात्मक भावनाएं या विकृत इच्छाएं हो सकती हैं, जो उसे ऐसी हरकतें करने पर मजबूर करती हैं। डॉक्टरों का कहना है कि ऐसे मामलों में व्यक्ति को मनोचिकित्सकीय मदद और काउंसलिंग की जरूरत होती है, वरना यह व्यवहार और गंभीर अपराधों की ओर ले जा सकता है। पुलिस भी आरोपी से पूछताछ कर उसके मानसिक स्वास्थ्य की जांच करवा सकती है।
इलाके में दहशत, महिलाएं सतर्क
इस घटना के बाद कोलार और आसपास की कॉलोनियों में महिलाओं और परिवारों में डर का माहौल है। लोग अब रात में कपड़े बाहर सूखने से बच रहे हैं और घरों की सुरक्षा पर ज्यादा ध्यान दे रहे हैं। कई महिलाओं ने कहा कि ऐसी वारदातें न केवल निजता का उल्लंघन हैं, बल्कि मानसिक तनाव भी पैदा करती हैं। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि संदिग्ध गतिविधि दिखने पर तुरंत सूचना दें।
भोपाल में पहले भी अंतर्वस्त्र चोरी के कुछ मामले सामने आ चुके हैं, लेकिन इस बार आरोपी का खुद उन्हें पहनना पूरी तरह अनोखा और विचलित करने वाला है। पुलिस ने दीपेश के खिलाफ चोरी और घर में घुसने की धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। आगे की जांच जारी है, और उम्मीद है कि ऐसे अपराधों पर सख्ती से लगाम लगेगी।
यह घटना एक बार फिर समाज को याद दिलाती है कि अपराध के पीछे कई बार मानसिक स्वास्थ्य की अनदेखी छिपी होती है। ऐसे मामलों में समय पर हस्तक्षेप और जागरूकता जरूरी है, ताकि छोटी समस्या बड़ा खतरा न बने।
