by-Ravindra Sikarwar
ढाका: बांग्लादेश की पूर्व सत्तारूढ़ पार्टी अवामी लीग के केंद्रीय कार्यालय पर शुक्रवार सुबह उग्र प्रदर्शनकारियों ने धावा बोल दिया। राजधानी के व्यस्त गुलिस्तान इलाके में स्थित पार्टी मुख्यालय में घुसी भीड़ ने फर्नीचर, दस्तावेज और बैनरों की तोड़फोड़ की, इसके बाद इमारत के निचले तल में **आग लगा दी**। घटना के समय कार्यालय में मौजूद कुछ कर्मचारी और नेता किसी तरह जान बचाकर बाहर निकले।
हमले की पृष्ठभूमि:
- समय: सुबह करीब 9:30 बजे (स्थानीय समय)
- स्थान: गुलिस्तान रोड, ढाका (अवामी लीग का ऐतिहासिक केंद्रीय कार्यालय)
- हमलावर: सैकड़ों की संख्या में युवा प्रदर्शनकारी, जिनमें कई के हाथ में लाठी-डंडे, पेट्रोल बॉम्ब और झंडे थे।
- नुकसान: मुख्य हॉल, प्रेस रूम और पार्टी के अभिलेखागार को भारी क्षति। आग पर काबू पाने में फायर ब्रिगेड को 45 मिनट लगे।
अवामी लीग का आरोप:
पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री एएच महमूद अली ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में अंतरिम सरकार के प्रमुख मोहम्मद यूनुस पर प्रत्यक्ष समर्थन का गंभीर आरोप लगाया। उन्होंने कहा:
“यह कोई सहज प्रदर्शन नहीं, बल्कि सुनियोजित हमला है। पुलिस मूकदर्शक बनी रही और प्रशासन ने हिंसा को खुली छूट दी। यूनुस सरकार अवामी लीग को खत्म करने की साजिश रच रही है।”
पार्टी ने दावा किया कि हमले से पहले सोशल मीडिया पर “अवामी लीग कार्यालय जलाओ” जैसे संदेश वायरल हुए थे, जिनकी कोई कार्रवाई नहीं की गई।
देशव्यापी बंद का ऐलान:
घटना के तत्काल बाद अवामी लीग ने रविवार (16 नवंबर) को सम्पूर्ण बांग्लादेश में बंद की घोषणा की। पार्टी प्रवक्ता अब्दुर रहमान ने कहा:
- सभी जिला और उपजिला कार्यालय बंद रहेंगे।
- सड़क, रेल और नौका यातायात ठप करने की अपील।
- शांतिपूर्ण प्रदर्शन लेकिन “जनता का गुस्सा सड़कों पर दिखेगा”।
सरकार और पुलिस का पक्ष:
अंतरिम सरकार के गृह सलाहकार ब्रिगेडियर जनरल (रि.) सakhawat हुसैन ने हमले की निंदा की लेकिन इसे “स्थानीय उत्तेजना” बताया। पुलिस ने 12 लोगों को गिरफ्तार करने का दावा किया है। ढाका मेट्रोपॉलिटन पुलिस कमिश्नर ने कहा:
“हमने अतिरिक्त बल तैनात किया है। किसी भी पार्टी कार्यालय पर हमला बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।”
राजनीतिक संदर्भ:
- शेख हसीना का निर्वासन: अगस्त 2024 में छात्र आंदोलन के बाद हसीना भारत भाग गई थीं।
- यूनुस सरकार: नोबेल विजेता मोहम्मद यूनुस की अगुवाई वाली अंतरिम सरकार फरवरी 2026 तक चुनाव कराने का वादा कर चुकी है।
- अवामी लीग पर दबाव: पार्टी के सैकड़ों नेता जेल में, कई देश छोड़ चुके हैं।
अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया:
- भारत: विदेश मंत्रालय ने “बांग्लादेश में सभी दलों की सुरक्षा” की अपील की।
- अमेरिका: राज्य विभाग ने “शांतिपूर्ण राजनीतिक प्रक्रिया” की जरूरत पर जोर दिया।
- संयुक्त राष्ट्र: मानवाधिकार उच्चायुक्त ने हिंसा पर चिंता जताई।
आगे की स्थिति:
अवामी लीग ने अंतरराष्ट्रीय न्यायालय में यूनुस सरकार के खिलाफ शिकायत करने की तैयारी शुरू की।
ढाका में अवामी लीग समर्थक शाम को सड़कों पर उतर सकते हैं।
सेना की अतिरिक्त टुकड़ियाँ तैनात, कर्फ्यू की आशंका।
