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रिपोर्टर: गनेश सिंह

NHAI : राष्ट्रीय राजमार्गों पर सफर करने वाले करोड़ों यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा को और बेहतर बनाने के लिए भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) बड़ा बदलाव करने जा रहा है। NHAI अपनी 24×7 चलने वाली इमरजेंसी हेल्पलाइन 1033 को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से अपग्रेड कर रहा है। इस आधुनिक तकनीक के जुड़ने से आपात स्थिति में मदद मांगने वाले यात्रियों का लोकेशन तुरंत ट्रेस हो सकेगा और उन्हें बिना किसी देरी के राहत पहुंचाई जाएगी।

हाईवे सेफ्टी में AI की भूमिका और मुख्य फीचर्स

NHAI की इस नई पहल से टोल प्लाजा, फास्टैग विवाद, मेडिकल इमरजेंसी और गाड़ी खराब होने जैसी समस्याओं का निपटारा पहले से कहीं अधिक तेजी से होगा। AI के इस मर्जर से यात्रियों को निम्नलिखित आधुनिक सुविधाएं मिलेंगी:

  • सटीक रियल-टाइम लोकेशन: दुर्घटना या इमरजेंसी के वक्त कॉल करते ही AI सिस्टम कॉलर की लाइव लोकेशन तुरंत कैप्चर कर लेगा, जिससे राहत दल को जगह ढूंढने में समय नहीं गंवाना पड़ेगा।
  • बहुभाषी कॉल सपोर्ट: भारत की भाषाई विविधता को ध्यान में रखते हुए AI बॉट कई भारतीय भाषाओं में यात्रियों से सहज संवाद करने में सक्षम होगा।
  • स्मार्ट इमरजेंसी डिस्पैच: कॉल आते ही सिस्टम निकटतम एम्बुलेंस, क्रेन या हाईवे पेट्रोलिंग टीम की पहचान कर उन्हें तुरंत घटनास्थल की ओर रवाना कर देगा।
  • लाइव एडवाइजरी: राजमार्गों पर अचानक लगने वाले जाम, सड़क निर्माण या हादसों की जानकारी यात्रियों को समय पर उपलब्ध कराई जाएगी।

मानवीय नियंत्रण और AI का संतुलन

NHAI 1033 हेल्पलाइन में AI की तैनाती के बाद भी मानवीय विवेक की भूमिका समाप्त नहीं होगी। NHAI के अनुसार, तकनीक का इस्तेमाल कॉल प्रबंधन और ट्रैकिंग को तेज करने के लिए होगा, लेकिन जटिल आपातकालीन स्थितियों में सही निर्णय लेने और प्राथमिकताएं तय करने के लिए मानव ऑपरेटर ही जिम्मेदारी संभालेंगे। इससे सिस्टम अधिक संवेदनशील और सटीक बना रहेगा।

IHMCL ने शुरू की अगली पीढ़ी के सिस्टम की प्रक्रिया

NHAI साल 2018 में शुरू हुई 1033 हेल्पलाइन वर्तमान में देश भर के 1.46 लाख किलोमीटर से अधिक लंबे राष्ट्रीय राजमार्गों को कवर करती है। इस नेटवर्क पर प्रतिदिन लगभग 15,000 कॉल्स आती हैं।

इस विशाल व्यवस्था को और अधिक आधुनिक बनाने के लिए NHAI की शाखा इंडियन हाईवेज मैनेजमेंट कंपनी लिमिटेड (IHMCL) ने कदम बढ़ा दिए हैं। कंपनी ने नेक्स्ट-जेनरेशन 1033 हेल्पलाइन और कॉल सेंटर के डिजाइन, विकास, संचालन और रखरखाव के लिए ‘एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट’ (EoI) आमंत्रित किया है। जल्द ही यह AI-संचालित प्रणाली पूरे देश के नेशनल हाईवे नेटवर्क पर काम करना शुरू कर देगी।

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