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Report by: Avinash Srivastwa

Rohtas : पुलिस को वाहन चोरों के खिलाफ एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। जिले में सक्रिय एक अंतर-थाना ट्रैक्टर चोर गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए पुलिस ने चोरी के पांच ट्रैक्टर बरामद किए हैं। इस मामले में गिरोह के मास्टरमाइंड सहित चार सदस्यों को दबोचा गया है, जिनमें एक नाबालिग भी शामिल है।

Rohtas कोचस से शुरू हुई जांच और दिनारा में पहली गिरफ्तारी

इस पूरे मामले का खुलासा करते हुए रोहतास एसपी रौशन कुमार ने बताया कि बीती 21 मार्च को कोचस थाना क्षेत्र से एक ट्रैक्टर चोरी होने की शिकायत दर्ज कराई गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने एक विशेष टीम का गठन किया। तकनीकी इनपुट और गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने सबसे पहले दिनारा क्षेत्र के रोहित कुमार को हिरासत में लिया। रोहित से हुई कड़ी पूछताछ ने पुलिस को गिरोह के अन्य सदस्यों तक पहुँचने का रास्ता साफ कर दिया।

Rohtas ‘समहुता’ का रवि रंजन निकला गिरोह का मास्टरमाइंड

रोहित की निशानदेही पर पुलिस ने दिनारा के खैरी गांव से चंदन कुमार और एक नाबालिग को पकड़ा। इन दोनों की स्वीकारोक्ति के बाद गिरोह के मुख्य सरगना का नाम सामने आया। पुलिस के अनुसार, करगहर थाना क्षेत्र के समहुता निवासी रवि रंजन कुमार इस पूरे गिरोह का संचालन कर रहा था। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए समहुता और बढ़हरी क्षेत्रों में छापेमारी की, जहाँ से चोरी के कुल 5 ट्रैक्टर बरामद किए गए।

Rohtas पहचान मिटाने के लिए अपनाते थे अनोखा तरीका (Modus Operandi)

पूछताछ के दौरान गिरोह के काम करने के तरीके (Modus Operandi) को लेकर चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं:

  • पार्ट्स की अदला-बदली: चोरी करने के बाद ये अपराधी ट्रैक्टरों को सीधे नहीं बेचते थे। पहचान छिपाने के लिए वे एक ट्रैक्टर के पार्ट्स को दूसरे में फिट कर देते थे।
  • सस्ते दामों पर बिक्री: हुलिया बदलने के बाद इन ट्रैक्टरों को सुदूर ग्रामीण इलाकों में भोले-भाले किसानों को बेहद कम कीमतों पर बेच दिया जाता था।
  • नेटवर्क: यह गिरोह विभिन्न थाना क्षेत्रों में फैला हुआ था और योजनाबद्ध तरीके से वारदातों को अंजाम देता था।

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