By: Ravindra Sikarwar
Gwalior news: शहर के प्रतिष्ठित सहारा हॉस्पिटल द्वारा सामाजिक सेवा की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। हॉस्पिटल की ओर से नववर्ष 2026 की शुरुआत में ग्वालियर संभाग के शिवपुरी जिले के बेराड़ क्षेत्र में एक निःशुल्क नेत्र एवं सामान्य स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का आयोजन किया जा रहा है। यह शिविर 04 जनवरी 2026 को आयोजित होगा, जिसमें क्षेत्र के लोगों को मुफ्त में आंखों की जांच और स्वास्थ्य संबंधी परामर्श दिया जाएगा।
सहारा हॉस्पिटल, जो सोफिया कॉलेज कैम्पस के पास गहलगांव, सिटी सेंटर, ग्वालियर में स्थित है, पिछले कई वर्षों से नियमित रूप से ऐसे निःशुल्क चिकित्सा शिविरों का आयोजन करता आ रहा है। इन शिविरों के माध्यम से ग्रामीण एवं दूर-दराज के इलाकों में रहने वाले लोगों तक बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाई जा रही हैं। हॉस्पिटल के निदेशक एवं वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. ए.एस. भल्ला, जो नाक-कान-गला रोग विशेषज्ञ हैं, के कुशल नेतृत्व और मार्गदर्शन में सहारा हॉस्पिटल ने ग्वालियर-चंबल संभाग में एक अलग और विश्वसनीय पहचान बनाई है। मरीजों के सफल इलाज और देखभाल के लिए लोगों का यह अस्पताल पहली पसंद बन चुका है।

सहारा हॉस्पिटल एक मल्टी-स्पेशियलिटी अस्पताल है, जो सीधे नई दिल्ली के प्रसिद्ध इंद्रप्रस्थ अपोलो हॉस्पिटल से नेटवर्क में जुड़ा हुआ है। यहां अत्याधुनिक सुविधाओं के साथ 24 घंटे इमरजेंसी सेवाएं उपलब्ध हैं। आयुष्मान भारत योजना के तहत पंजीकृत मरीजों का पूरी तरह कैशलेस इलाज किया जाता है। इसके अलावा मेडिको-लीगल केस (एम.एल.सी.) की सुविधा भी यहां उपलब्ध है, जिसके कारण गंभीर दुर्घटना, चोट या आपराधिक मामलों में घायल मरीजों को त्वरित और प्रभावी उपचार मिलता है।
हॉस्पिटल में आधुनिक ऑपरेशन थिएटर, सभी प्रकार की जांच सुविधाएं एक ही छत के नीचे उपलब्ध हैं। हाल ही में डॉ. ए.एस. भल्ला और उनकी टीम ने एक बेहद नाजुक मामले में सफलता हासिल की, जिसमें मात्र छह माह के शिशु की श्वास नली में फंसी वस्तु को सुरक्षित निकालकर उसकी जान बचाई गई। ऐसे जटिल ऑपरेशन हॉस्पिटल की विशेषज्ञता का प्रमाण हैं।
सहारा हॉस्पिटल केवल ग्वालियर-चंबल अंचल ही नहीं, बल्कि मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान और हरियाणा के मरीजों के बीच भी अपनी विश्वसनीयता के लिए जाना जाता है। गोली लगने, सड़क दुर्घटना या अन्य गंभीर चोटों के मामलों में यहां तुरंत और उचित इलाज उपलब्ध होता है। हॉस्पिटल की एम.एल.सी. सुविधा भी क्षेत्र में काफी लोकप्रिय है।
इस निःशुल्क शिविर के माध्यम से सहारा हॉस्पिटल एक बार फिर अपनी सामाजिक जिम्मेदारी निभा रहा है। क्षेत्रवासियों से अपील की गई है कि वे अधिक से अधिक संख्या में शिविर का लाभ उठाएं और अपनी आंखों एवं स्वास्थ्य की जांच करवाएं। डॉ. ए.एस. भल्ला ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाएं हर व्यक्ति तक पहुंचनी चाहिए और ऐसे शिविर इसी दिशा में एक छोटा लेकिन महत्वपूर्ण प्रयास हैं।
सहारा हॉस्पिटल की यह पहल न केवल इलाज उपलब्ध कराती है, बल्कि जागरूकता भी फैलाती है। आने वाले समय में भी ऐसे आयोजन जारी रहेंगे, ताकि जरूरतमंद लोगों को बेहतर चिकित्सा सुविधा मिल सके।
