BY: Yoganand Shrivastva
झारखंड के जामताड़ा जिले के नाला स्थित नेताजी स्टेडियम में आयोजित भव्य ‘लक्ष्मी नारायण महायज्ञ’ बुधवार को विधि-विधान और पूर्णाहूति के साथ संपन्न हो गया। पिछले नौ दिनों से चल रहे इस आध्यात्मिक अनुष्ठान ने पूरे क्षेत्र को भक्तिमय और सकारात्मक ऊर्जा से सराबोर कर दिया।
विधि-विधान के साथ महायज्ञ की पूर्णाहुति
महायज्ञ का समापन पंडित परमात्मा पांडेय के कुशल मार्गदर्शन में संपन्न हुआ। 24 मार्च से शुरू हुए इस धार्मिक अनुष्ठान के अंतिम दिन भारी संख्या में श्रद्धालु उमड़े।
- मुख्य यजमान: प्रदीप बनर्जी और राजीव मंडल सहित अन्य यजमानों ने मंत्रोच्चार के बीच अंतिम आहुति दी।
- भक्तिमय वातावरण: यज्ञ मंडप की परिक्रमा करने के लिए सुबह से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतारें देखी गईं, जिससे पूरा स्टेडियम परिसर जयकारों से गूंज उठा।
नौ दिनों तक चला आध्यात्मिक समागम
प्रखंड यज्ञ कमेटी के तत्वावधान में आयोजित इस नौ दिवसीय महायज्ञ में कई धार्मिक कार्यक्रमों का संगम देखने को मिला:
- श्रीमद्भागवत कथा: संगीतमय भागवत कथा ने श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। कथा का औपचारिक समापन आज देर रात विशेष आरती के साथ किया जाएगा।
- हरिनाम संकीर्तन: यज्ञ के दौरान निरंतर हो रहे संकीर्तन से आसपास के गांवों का माहौल भी पूरी तरह आध्यात्मिक बना रहा।
श्रद्धालुओं की भारी भीड़ और सफल आयोजन
इस महायज्ञ की सफलता में स्थानीय ग्रामीणों और यज्ञ कमेटी का विशेष योगदान रहा।
- आयोजन के दौरान सुरक्षा और सुविधाओं का पूरा ख्याल रखा गया।
- श्रद्धालुओं की भारी सहभागिता ने यह सिद्ध कर दिया कि क्षेत्र में सनातन संस्कृति और आस्था की जड़ें कितनी गहरी हैं।
- यज्ञ की समाप्ति के बाद विशाल भंडारे का भी आयोजन किया गया, जिसमें हजारों लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया।
