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By: Ravindra Sikarwar

उत्तर भारत के कई राज्यों में सर्दी ने अपना पूरा रौद्र रूप दिखाना शुरू कर दिया है। पहाड़ी क्षेत्रों में हो रही बर्फबारी और पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से मैदानी इलाकों में सुबह के समय घना कोहरा छा जा रहा है, जिससे दृश्यता बेहद कम हो गई है। उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान, हरियाणा, पंजाब और मध्य प्रदेश जैसे राज्यों में विजिबिलिटी कई जगहों पर 50 मीटर से भी नीचे दर्ज की गई। इस मौसमी बदलाव ने रेल और हवाई यातायात को बुरी तरह प्रभावित किया है, साथ ही आम जनजीवन भी अस्त-व्यस्त हो गया है।

उत्तर प्रदेश के विभिन्न शहरों में तापमान में भारी गिरावट देखी गई है। कानपुर में न्यूनतम तापमान 4.4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जबकि प्रयागराज और गोरखपुर जैसे रेलवे जंक्शनों पर कोहरे के कारण 100 से अधिक ट्रेनें 2 से 15 घंटे तक देरी से चल रही हैं। प्रमुख ट्रेनें जैसे तेजस एक्सप्रेस और अन्य वीआईपी सेवाएं भी इसकी चपेट में आईं। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, सुरक्षा कारणों से ट्रेनों की गति कम की गई है, जिससे देरी और बढ़ गई।

मध्य प्रदेश में भी स्थिति गंभीर है। मौसम विभाग के अनुसार, जेट स्ट्रीम की गति 287 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंचने से तापमान तेजी से गिरा है। भोपाल में रात का तापमान 5.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि डिंडोरी जैसे इलाकों में वाहनों की छत पर पाला जम गया। राज्य के कई जिलों में शीत दिवस और कोल्ड वेव का प्रभाव जारी है। बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए 31 दिसंबर से 4 जनवरी तक स्कूलों में शीतकालीन अवकाश घोषित किया गया है।

राजस्थान में पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने के संकेत हैं, जिससे कुछ जिलों में हल्की वर्षा और घने कोहरे की संभावना है। जयपुर एयरपोर्ट से दिल्ली व चंडीगढ़ जाने वाली कई उड़ानें डायवर्ट की गईं, जबकि कुछ रद्द भी हुईं। बिहार में पटना सहित दर्जनों जिलों में कोल्ड डे की स्थिति बनी हुई है। पटना एयरपोर्ट पर कई फ्लाइट्स देरी से चलीं या रद्द हुईं, जबकि अररिया में सबसे कम तापमान 8.4 डिग्री दर्ज हुआ।

हरियाणा और उत्तराखंड में भी कोहरा और सर्दी का असर गहरा है। हरियाणा के कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी है, जबकि उत्तराखंड में कुछ क्षेत्रों में बर्फबारी के आसार हैं। देहरादून एयरपोर्ट पर उड़ानें प्रभावित हुईं। दोनों राज्यों में 1 से 15 जनवरी तक स्कूल बंद रखने का फैसला लिया गया है। हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में बर्फबारी जारी है, जो मैदानों में कोहरे को और बढ़ा रही है।

हवाई यातायात पर सबसे बड़ा असर पड़ा है। इंडिगो सहित कई एयरलाइंस ने कोहरे के कारण सैकड़ों उड़ानें रद्द कीं या देरी से संचालित कीं। दिल्ली एयरपोर्ट पर विजिबिलिटी कम होने से कई फ्लाइट्स डायवर्ट या कैंसिल हुईं। रेलवे ने भी स्पेयर रेक की व्यवस्था कर देरी को कम करने की कोशिश की है, लेकिन स्थिति अभी नियंत्रण में नहीं है।

आने वाले दिनों का पूर्वानुमान और चिंताजनक है। 31 दिसंबर से 1 जनवरी तक पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, बिहार, मध्य प्रदेश सहित कई राज्यों में कोहरे का प्रभाव बना रहेगा। पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी से सर्दी और बढ़ सकती है। मौसम विभाग ने सलाह दी है कि यात्री अपनी यात्रा से पहले ट्रेन और फ्लाइट की स्थिति जरूर जांच लें। यह मौसम की मार उत्तर भारत के लोगों के लिए न केवल असुविधा बल्कि स्वास्थ्य जोखिम भी लेकर आई है, खासकर बुजुर्गों और बच्चों के लिए।