Report by: Santosh Sarawagi
Dabra : ग्वालियर जिले के डबरा तहसील में विद्युत विभाग की बड़ी लापरवाही उजागर हुई है। एक तरफ शासन-प्रशासन सुरक्षा नियमों के बड़े-बड़े दावे करता है, वहीं दूसरी ओर डबरा में विद्युत लाइनों के विस्तार और संधारण का काम कर रहे मजदूर बिना किसी सुरक्षा उपकरण के अपनी जान जोखिम में डालकर काम करने को मजबूर हैं। ठेकेदार की यह मनमानी किसी भी समय एक बड़े हादसे को दावत दे सकती है।
Dabra सुरक्षा नियमों की धज्जियां उड़ाते विद्युत ठेकेदार
वर्तमान में डबरा तहसील के विभिन्न क्षेत्रों में विद्युत विभाग द्वारा पुरानी बिजली की लाइनों को बदलकर नई लाइनें डालने का कार्य युद्ध स्तर पर चल रहा है। इस कार्य का जिम्मा निजी ठेकेदारों को सौंपा गया है। लेकिन मौके पर स्थिति बेहद चिंताजनक है। नियमों के अनुसार, ऊंचाई पर काम करने वाले किसी भी लाइनमैन या मजदूर के पास हेलमेट, सेफ्टी बेल्ट, दस्ताने और इंसुलेटेड जूते होने अनिवार्य हैं। परंतु, डबरा में ठेकेदार द्वारा इन नियमों की सरेआम धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। मजदूर बिना किसी सेफ्टी गियर के ऊंचे खंभों पर चढ़कर काम कर रहे हैं, जिससे करंट लगने या गिरने का खतरा बना रहता है।
Dabra 60 फीट की ऊंचाई और शून्य सुरक्षा उपकरण
हैरानी की बात यह है कि मजदूर लगभग 60 फीट ऊंचे खंभों पर चढ़कर तारों को कसने और बदलने का काम कर रहे हैं, लेकिन उनके पास न तो सिर पर हेलमेट है और न ही शरीर पर कोई सुरक्षा बेल्ट। यह स्थिति दर्शाती है कि ठेकेदार के लिए मजदूरों की जान की कीमत कुछ भी नहीं है। स्थानीय लोगों और जानकारों का मानना है कि इस प्रकार की लापरवाही बिना विभागीय मिलीभगत के संभव नहीं है। यदि कार्य के दौरान कोई अनहोनी होती है या किसी मजदूर की जान जाती है, तो इसका असल जवाबदेह कौन होगा? क्या प्रशासन सिर्फ हादसे का इंतजार कर रहा है?
सुपरवाइजर के गोल-मोल जवाब और प्रशासन की चुप्पी
जब ‘स्वदेश’ की टीम ने मौके पर मौजूद ठेकेदार के सुपरवाइजर से इस गंभीर लापरवाही और सुरक्षा मानकों की अनदेखी के बारे में सवाल किए, तो वह संतोषजनक जवाब देने के बजाय बातों को घुमाता नजर आया। अधिकारियों और सुपरवाइजर की यह बेरुखी साफ करती है कि उन्हें नियमों का कोई डर नहीं है। शासन और बिजली विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को इस ओर तुरंत ध्यान देने की आवश्यकता है, ताकि समय रहते किसी संभावित दुर्घटना को रोका जा सके और दोषी ठेकेदार पर कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
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